ईरान युद्ध के बीच चीन ने पेट्रोल-डीजल एक्सपोर्ट पर लगाई रोक

China Fuel Export

भारत समेत एशियाई बाजारों में तेल कीमत बढ़ने की आशंका

मुनादी लाइव : ईरान और इजरायल के बीच जारी युद्ध का असर अब वैश्विक ऊर्जा बाजार पर साफ दिखाई देने लगा है। इसी तनाव के बीच चीन ने पेट्रोल, डीजल और एविएशन फ्यूल के निर्यात पर अस्थायी रोक लगा दी है। माना जा रहा है कि इस फैसले का असर भारत समेत एशिया के कई देशों पर पड़ सकता है।

ब्लूमबर्ग की रिपोर्ट के मुताबिक चीन की सरकारी एजेंसी National Development and Reform Commission (NDRC) ने रिफाइनरी कंपनियों को मार्च महीने के लिए रिफाइंड फ्यूल के निर्यात पर तुरंत रोक लगाने का निर्देश दिया है।

गैसोलीन, डीजल और एविएशन फ्यूल पर रोक
सूत्रों के अनुसार यह पाबंदी उन कार्गो पर लागू होगी जिनका कस्टम क्लियरेंस 11 मार्च तक नहीं हुआ है। इससे पहले भी चीन ने रिफाइनर्स को नए निर्यात अनुबंध न करने और पुराने शिपमेंट रद्द करने के निर्देश दिए थे। अब इस रोक को और सख्त कर दिया गया है। चीन दुनिया का सबसे बड़ा तेल आयातक और प्रमुख ईंधन निर्यातक देश है। ऐसे में उसके इस फैसले से वैश्विक ऊर्जा बाजार पर दबाव बढ़ने की संभावना जताई जा रही है।

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IEA ने बाजार में तेल छोड़ने का फैसला किया
इस बीच वैश्विक बाजार में संभावित तेल संकट को देखते हुए International Energy Agency (IEA) ने सदस्य देशों के रणनीतिक भंडार से 400 मिलियन बैरल तेल बाजार में छोड़ने का फैसला किया है। यह आईईए के इतिहास का सबसे बड़ा तेल रिलीज बताया जा रहा है।

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इसके अलावा अमेरिकी ऊर्जा विभाग ने भी 172 मिलियन बैरल कच्चा तेल अपने रणनीतिक भंडार से जारी करने का निर्णय लिया है। यह प्रक्रिया अगले सप्ताह से शुरू होकर करीब 120 दिनों में पूरी होगी।

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भारत में पेट्रोल-डीजल महंगा होने की आशंका
चीन के निर्यात रोकने के फैसले से वैश्विक सप्लाई चेन पर दबाव बढ़ सकता है। भारत अपनी जरूरत का बड़ा हिस्सा कच्चे तेल के आयात से पूरा करता है और रिफाइंड उत्पादों के लिए एशियाई बाजार पर भी निर्भर है। विशेषज्ञों का मानना है कि यदि चीन लंबे समय तक निर्यात सीमित रखता है तो वैश्विक बाजार में कीमतें बढ़ सकती हैं, जिसका असर भारत में पेट्रोल और डीजल के दामों पर भी देखने को मिल सकता है।

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मिडिल ईस्ट में बढ़ते तनाव और चीन के इस कदम के कारण आने वाले दिनों में वैश्विक ऊर्जा बाजार में और उतार-चढ़ाव देखने की संभावना जताई जा रही है।

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