पाकुड़ उपायुक्त ने अवैध खनन पर जीरो टॉलरेंस की नीति अपनाने का दिया निर्देश
Pakur illegal miningखनन टास्क फोर्स को कार्रवाई में तेजी लाने का आदेश, दोषियों पर होगी एफआईआर
पाकुड़ :जिला प्रशासन ने एक बार फिर स्पष्ट कर दिया है कि अवैध खनन और खनिजों के अवैध परिवहन पर अब किसी भी स्तर पर समझौता नहीं किया जाएगा। उपायुक्त की अध्यक्षता में हुई बैठक में खनन टास्क फोर्स के सभी पदाधिकारियों को सख्त निर्देश दिए गए कि जिले में अवैध कोयला, पत्थर और बालू उठाव के खिलाफ जीरो टॉलरेंस की नीति अपनाई जाए और दोषियों पर बिना देरी के कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।
बैठक में उपायुक्त ने पिछले निर्देशों की समीक्षा करते हुए अधिकारियों से क्रमवार जानकारी ली कि अब तक क्या-क्या कदम उठाए गए हैं। उन्होंने कहा कि कार्रवाई केवल दिखावटी न हो, बल्कि परिणात्मक और गुणात्मक होनी चाहिए, जिससे अवैध कारोबारियों में भय का माहौल बने।

ओवरलोड और बिना तिरपाल ढके वाहन पर कार्रवाई
बैठक में उपायुक्त ने साफ किया कि ओवरलोड वाहनों के खिलाफ भी सख्त कार्रवाई की जाए। जिले में चलने वाले सभी डंपरों को तिरपाल से ढका होना चाहिए। यदि ऐसा नहीं पाया जाता है तो वाहन मालिकों और चालकों के खिलाफ चालान और जब्ती की कार्रवाई की जाएगी।
सीओ और थाना प्रभारी को मिली जिम्मेदारी
अवैध खनन पर रोकथाम के लिए उपायुक्त ने सीओ और थाना प्रभारियों को विशेष जिम्मेदारी सौंपी। उन्हें निर्देश दिया गया कि वे अवैध कारोबारियों पर नकेल कसें और टास्क फोर्स के अन्य सदस्यों के साथ मिलकर सूचनातंत्र को मजबूत बनाएं। अवैध खनन की सूचना मिलते ही तुरंत छापामारी करें।

रैयती जमीन पर बालू भंडारण पर एफआईआर
बैठक में यह भी निर्णय लिया गया कि यदि किसी रैयती जमीन पर बालू का अवैध भंडारण पाया जाता है तो संबंधित रैयतदार पर भी एफआईआर दर्ज की जाएगी। इसके अलावा, बंद पड़ी खदानों पर सतत निगरानी रखने और वहां अवैध उत्खनन की संभावना को खत्म करने के लिए नियमित निरीक्षण करने का आदेश दिया गया।
पुलिस अधीक्षक ने दिए निर्देश
पुलिस अधीक्षक निधि द्विवेदी ने भी बैठक में स्पष्ट कहा कि जिले के किसी भी क्षेत्र में अवैध खनन बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। थाना प्रभारियों को आदेश दिया गया कि वे सुनिश्चित करें कि उनके क्षेत्र में अवैध गतिविधियां न हों। यदि कोई सूचना मिलती है तो एसडीओ, सीओ और थाना प्रभारी संयुक्त रूप से पर्याप्त पुलिस बल के साथ गोपनीय छापामारी करें और दोषियों पर त्वरित कार्रवाई करें।

बैठक में रही कई विभागों की मौजूदगी
इस अहम बैठक में अपर समाहर्ता, अनुमंडल पदाधिकारी, जिला परिवहन पदाधिकारी, जिला पंचायत राज पदाधिकारी, जिला खनन पदाधिकारी, जिला शिक्षा पदाधिकारी, मुख्यालय डीएसपी, पाकुड़ और महेशपुर के एसडीपीओ, सभी प्रखंड विकास पदाधिकारी, अंचलाधिकारी और थाना प्रभारी समेत अन्य पदाधिकारी शामिल हुए।

बैठक में यह भी तय किया गया कि अवैध खनन और भंडारण की गतिविधियों में लिप्त पाए जाने वाले किसी भी व्यक्ति के खिलाफ तुरंत प्राथमिकी दर्ज की जाएगी और उनके वाहन एवं सामग्री को जब्त कर कानूनी प्रक्रिया अपनाई जाएगी।
पाकुड़ जिला प्रशासन के इस रुख ने साफ कर दिया है कि अब अवैध खनिज कारोबार पर शिकंजा और ज्यादा कसा जाएगा।








