झारखंड में महिला सुरक्षा पर सियासत गरम, झामुमो ने भाजपा को घेरा

महिला सुरक्षा झारखंड

विनोद पांडेय बोले – मणिपुर, हाथरस और उन्नाव पर चुप्पी साधने वाली भाजपा, झारखंड में महिला मुद्दों पर घड़ियाली आंसू बहा रही है।

रांची से विशेष रिपोर्ट: झारखंड की सियासत में इन दिनों महिला सुरक्षा को लेकर तीखी बहस छिड़ी हुई है। इस मुद्दे पर झारखंड मुक्ति मोर्चा (झामुमो) के केंद्रीय महासचिव विनोद कुमार पांडेय ने भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) पर जोरदार हमला बोला है। उन्होंने भाजपा पर महिला सुरक्षा के नाम पर झूठा विमर्श गढ़ने और दोहरा मापदंड अपनाने का आरोप लगाया।

विनोद पांडेय ने कहा कि भाजपा को महिलाओं के मुद्दे पर राजनीति करने का कोई नैतिक अधिकार नहीं है। उन्होंने कहा, “झारखंड में भाजपा महिला सुरक्षा पर घड़ियाली आंसू बहा रही है, जबकि यही पार्टी उन राज्यों में मौन साधे रहती है जहां उसकी खुद की सरकारें हैं और जहां महिलाओं के खिलाफ अपराध के आंकड़े कहीं अधिक भयावह हैं।”

डायन प्रथा के खिलाफ झामुमो की पहल
विनोद पांडेय ने महिला सशक्तिकरण की दिशा में झामुमो की ऐतिहासिक भूमिका को रेखांकित करते हुए कहा कि झारखंड जैसे राज्य में डायन प्रथा जैसी सामाजिक कुप्रथा के खिलाफ सबसे पहले आवाज़ उठाने वाला दल झामुमो रहा है। उन्होंने कहा कि झामुमो सरकार ने ही इस अमानवीय प्रथा के खिलाफ कड़ा कानून बनवाया और आज दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जा रही है।

“हमारी सरकार हर पीड़िता को न्याय दिलाने के लिए प्रतिबद्ध है। कानून का डर हो, इस दिशा में लगातार प्रयास हो रहे हैं,” पांडेय ने कहा।

Maa RamPyari Hospital

Telegram channel

भाजपा के दोहरे मापदंड पर निशाना
विनोद पांडेय ने भाजपा पर दोहरे मापदंड अपनाने का आरोप लगाते हुए पूछा, “हाथरस, उन्नाव और मणिपुर की घटनाओं पर भाजपा ने चुप्पी क्यों साधी थी? क्या तब महिलाओं की गरिमा का सवाल नहीं था?” उन्होंने कहा कि भाजपा को पहले अपने शासित राज्यों में महिला सुरक्षा की स्थिति सुधारनी चाहिए, जहां कानून-व्यवस्था की हालत झारखंड से भी बदतर है।

resizone elanza

उन्होंने जोर देकर कहा कि जब भाजपा अपने गिरेबान में झांकती नहीं है और दूसरों पर दोष मढ़ती है, तो यह उसकी राजनीतिक अवसरवादिता का प्रमाण है।

the-habitat-ad

हेमंत सरकार की पहलें और उपलब्धियां
पांडेय ने हेमंत सोरेन सरकार द्वारा महिला सुरक्षा के लिए उठाए गए ठोस कदमों का भी उल्लेख किया। उन्होंने कहा,

राज्य में महिला पुलिस बल की संख्या में उल्लेखनीय वृद्धि की गई है। महिला हेल्पलाइन को अधिक सक्षम और सशक्त बनाया गया है।फास्ट ट्रैक कोर्ट में लंबित मामलों के निष्पादन की प्रक्रिया में तेजी लाई गई है।
हेमंत सरकार सिर्फ वादे नहीं करती, बल्कि धरातल पर काम करती है। झारखंड में महिलाएं आज पहले से कहीं अधिक सुरक्षित महसूस कर रही हैं, उन्होंने कहा।

भाजपा को सुझाव – राजनीति नहीं, सहयोग करें
विनोद पांडेय ने भाजपा को सलाह देते हुए कहा कि “हर संवेदनशील मुद्दे पर राजनीति करने की बजाय अगर भाजपा सकारात्मक सहयोग दे, तो राज्य और समाज दोनों का भला होगा।” उन्होंने भाजपा पर आरोप लगाया कि वह महिला सम्मान के नाम पर झूठा विमर्श गढ़कर जनता को गुमराह करने का काम कर रही है।

झारखंड की जनता जानती है सच्चाई
विनोद पांडेय ने अंत में कहा कि झारखंड की जनता सब जानती है और झामुमो सरकार पर विश्वास करती है। यही कारण है कि माननीय मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन को जनता ने लगातार दूसरी बार राज्य की बागडोर सौंपी है।

“भाजपा झूठ की राजनीति कर रही है, लेकिन जनता हकीकत से वाकिफ है। हमारा विश्वास जन समर्थन और जन आकांक्षाओं में है, न कि खोखले नारों में,” उन्होंने कहा।

इस पूरे विवाद से स्पष्ट है कि झारखंड में महिला सुरक्षा न सिर्फ एक प्रशासनिक विषय है, बल्कि अब यह राजनीतिक बहस का केंद्र बन चुकी है। भाजपा के आरोपों पर झामुमो का तीखा जवाब यह बताता है कि आने वाले दिनों में यह मुद्दा और भी गरमाएगा।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *