रांची में बड़ी वारदात से पहले पुलिस की कार्रवाई, राहुल दुबे गैंग के दो शूटर दबोचे
हथियार, गोलियां और बाइक बरामद, SSP की सूचना पर चला ऑपरेशन
Ranchi :राजधानी रांची में एक बड़ी आपराधिक वारदात को अंजाम देने से पहले ही पुलिस ने कुख्यात अपराधी राहुल दुबे गिरोह के मंसूबों पर पानी फेर दिया है। रांची पुलिस ने नामकुम थाना क्षेत्र से गिरोह के दो सक्रिय शूटरों को हथियार और जिंदा गोलियों के साथ गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार अपराधी राहुल दुबे के निर्देश पर किसी बड़े अपराध को अंजाम देने के लिए निकले थे।
रांची एसएसपी को मिली गुप्त सूचना के आधार पर यह कार्रवाई की गई, जिसके बाद पुलिस ने तत्काल छापेमारी अभियान शुरू किया।
क्या है पूरा मामला
हेडक्वार्टर डीएसपी-1 अमर पांडेय ने बताया कि 26 दिसंबर की रात रांची एसएसपी को सूचना मिली थी कि राहुल दुबे गैंग के सदस्य बाइक से टाटीसिलवे मार्ग होते हुए रांची की ओर बढ़ रहे हैं और किसी बड़ी आपराधिक घटना की योजना बना रहे हैं।
सूचना की पुष्टि और त्वरित कार्रवाई के लिए पुलिस अधीक्षक (ग्रामीण) के निर्देशन में तथा वरीय पुलिस उपाधीक्षक (मुख्यालय-1) के नेतृत्व में नामकुम थाना प्रभारी के साथ एक विशेष छापेमारी दल का गठन किया गया।
एंटी-क्राइम चेकिंग में गिरफ्तारी
छापेमारी दल ने सिपाही नदी पुल, जोरार के पास एंटी-क्राइम चेकिंग शुरू की। इसी दौरान टाटीसिलवे की ओर से आ रही एक बाइक पर सवार दो युवक पुलिस को देखकर हेडलाइट बंद कर भागने लगे। पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए घेराबंदी की और दोनों को मौके पर ही पकड़ लिया।
गिरफ्तार अपराधियों की पहचान राजेश पाण्डेय उर्फ अमरजीत पाण्डेय, कन्हाई दास के रूप में हुई है।
हथियार और गोलियों की बरामदगी
पुलिस ने तलाशी के दौरान दोनों अपराधियों के पास से भारी मात्रा में अवैध हथियार बरामद किए—
राजेश पाण्डेय के पास से:
- एक पिस्टल
- दो मैगजीन
- पांच जिंदा गोलियां
- एक Realme मोबाइल
- Apache मोटरसाइकिल (JH01FM-9889)
कन्हाई दास के पास से:
- एक पिस्टल
- दो मैगजीन
- पांच जिंदा गोलियां
- एक Poco मोबाइल
पूछताछ में बड़े खुलासे
पुलिस पूछताछ में दोनों आरोपियों ने स्वीकार किया कि वे कुख्यात अपराधी राहुल दुबे उर्फ जयशंकर दुबे के गिरोह के सक्रिय सदस्य हैं। उन्होंने बताया कि उन्हें फायरिंग और रंगदारी वसूली के लिए हथियार गिरोह के सरगना राहुल दुबे से मिले थे।
आरोपियों ने यह भी कबूला कि उन्होंने रांची और रामगढ़ के कई कारोबारियों के घर और प्रतिष्ठानों की रेकी की थी। पूछताछ में एक और चौंकाने वाला खुलासा हुआ कि हरियाणा के महेंद्रगढ़ निवासी शूटर गगन यादव उर्फ जाटजी को भी रांची बुलाया गया था, जिसे रामगढ़ के एक कोयला व्यापारी पर फायरिंग करनी थी। हालांकि, पेमेंट विवाद के कारण वह हरियाणा लौट गया।
पुलिस आगे की कार्रवाई में जुटी
रांची पुलिस अब गिरोह के अन्य सदस्यों, हथियार सप्लाई नेटवर्क और रंगदारी के पूरे नेटवर्क की गहराई से जांच कर रही है। पुलिस का कहना है कि राहुल दुबे गैंग के खिलाफ अभियान आगे भी जारी रहेगा।






