मनाली में रहस्यमयी हालात में वीर सोरेन की मौत, दवा लेने के बाद बिगड़ी तबीयत
Ranchi : झारखंड के पूर्व मुख्यमंत्री चंपाई सोरेन के पोते वीर सोरेन की हिमाचल प्रदेश के मनाली में संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। यह घटना 24 फरवरी 2026 की दोपहर की बताई जा रही है। वीर सोरेन अपने दोस्तों के साथ मनाली घूमने गए थे और सिमसा स्थित एक होम स्टे में ठहरे हुए थे।
तबीयत बिगड़ने के बाद मंगाई गई थी दवा
पुलिस और साथ मौजूद दोस्तों के मुताबिक, 23 फरवरी को वीर सोरेन सोलंग और सेथन क्षेत्र घूमने गए थे। 24 फरवरी को दोपहर करीब 12:30 बजे वे वापस होम स्टे लौटे, जहां उन्होंने सिर दर्द और असहजता की शिकायत की। इसके बाद दोस्तों ने ऑनलाइन डिलीवरी प्लेटफॉर्म ब्लिंकिट से दवा मंगाई और उन्हें दी गई। दवा खाने के बाद वीर सोरेन सो गए।
कमरे में गिरने की आवाज, अस्पताल पहुंचने से पहले मौत
करीब 2:30 बजे दोपहर में कमरे से गिरने की आवाज आई। जब दोस्त कमरे में पहुंचे तो वीर सोरेन फर्श पर अचेत अवस्था में पड़े थे। आनन-फानन में उन्हें निजी वाहन से मनाली के सिविल अस्पताल ले जाया गया, लेकिन डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, अस्पताल ले जाते समय उनके मुंह से झाग निकल रहा था।
22 फरवरी को पहुंचे थे मनाली
मनाली पुलिस के अनुसार, वीर सोरेन 22 फरवरी को अपने दोस्तों के साथ मनाली पहुंचे थे और हिमालयन सैलेट होम स्टे में रुके थे। पुलिस ने होम स्टे, दोस्तों और अस्पताल प्रशासन से पूछताछ शुरू कर दी है।
कुल्लू एसपी का बयान
कुल्लू के पुलिस अधीक्षक मदन लाल ने बताया कि वीर सोरेन की तबीयत अचानक बिगड़ी थी और इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई। मामले की गंभीरता को देखते हुए सभी पहलुओं पर जांच की जा रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट और फॉरेंसिक जांच के बाद ही मौत के वास्तविक कारणों का खुलासा हो सकेगा।
परिवार में शोक की लहर
वीर सोरेन की असामयिक मौत से चंपाई सोरेन परिवार में गहरा शोक है। झारखंड में उनके पैतृक गांव और राजनीतिक गलियारों में शोक की लहर है। अंतिम संस्कार में मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के शामिल होने की संभावना है।







