धनबाद में ईडी की बड़ी कार्रवाई: अवैध कोयला कारोबार और मनी लांड्रिंग केस में कई ठिकानों पर छापेमारी
Dhanbad : झारखंड में अवैध कोयला कारोबार और उससे जुड़े मनी लांड्रिंग नेटवर्क पर प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने सोमवार को एक बार फिर बड़ी कार्रवाई की है। सुबह होते ही ईडी की कई टीमों ने धनबाद में एक साथ छापेमारी शुरू की, जिसमें शहर के चर्चित व्यवसायियों और कोयला कारोबारियों के ठिकाने शामिल रहे।
सूत्रों के अनुसार, छापेमारी डेको आउटसोर्सिंग के संचालक और कोयला परिवहन से जुड़े बड़े कारोबारी मनोज अग्रवाल के आवास और कार्यालयों पर की गई है। मनोज अग्रवाल को कई बड़े ठेकों, परिवहन अनुबंधों और कथित अवैध नकद लेनदेन से जुड़े मामलों में जांच का सामना करना पड़ रहा है।
ईडी ने सुधीर चौटाला और इंद्रराज भदौरिया के ठिकानों पर भी तलाशी अभियान चलाया। सभी पर आरोप है कि उन्होंने अवैध कोयला निकासी और ब्लैक मनी को वैध दिखाने के कई तरीकों का इस्तेमाल किया। ईडी को कुछ दस्तावेजों और डिजिटल रिकॉर्ड से यह संदेह हुआ कि करोड़ों रुपये का लेनदेन शेल कंपनियों और फर्जी खातों के जरिए किया जा रहा था।
छापेमारी के दौरान ईडी अधिकारियों ने कई महत्वपूर्ण दस्तावेज, हार्ड डिस्क, फोन डेटा, बैंक खातों के विवरण, कोयला परिवहन बिल और आय से अधिक संपत्ति से जुड़ी फाइलें जब्त की हैं। यह भी बताया जा रहा है कि कुछ गवाहों और संबंधित कर्मचारियों से भी पूछताछ की जा रही है।
धनबाद के कोयला क्षेत्र में ईडी की लगातार होती कार्रवाई राज्य में अवैध खनन और आर्थिक अपराधों की जड़ तक पहुँचने के बड़े अभियान का हिस्सा है। इससे पहले भी ईडी ने इसी रैकेट से जुड़े नेताओं, व्यवसायियों और अधिकारियों पर शिकंजा कसा था।
आज की कार्रवाई को ईडी द्वारा कोयला माफियाओं और आर्थिक गठजोड़ पर एक और ठोस प्रहार माना जा रहा है। एजेंसी दस्तावेजों की छानबीन के बाद आगे की कार्रवाई और संभावित गिरफ्तारियों की दिशा में बढ़ सकती है।






