नेपाल संकट: पीएम केपी शर्मा ओली ने दिया इस्तीफा, प्रदर्शनकारियों ने संसद भवन पर किया कब्जा
Prime Minister KP Sharma Oli resignedकाठमांडू में हालात बेकाबू, सिंह दरबार और संसद भवन में दाखिल हुए प्रदर्शनकारी, कई मंत्रियों के घरों में आगजनी
नेपाल में लगातार बढ़ते विरोध प्रदर्शनों ने आखिरकार देश की सत्ता को हिला कर रख दिया है। भ्रष्टाचार और सोशल मीडिया बैन के खिलाफ शुरू हुआ यह आंदोलन अब पूर्ण राजनीतिक संकट में बदल गया है।
प्रधानमंत्री केपी शर्मा ओली ने इस्तीफा दे दिया है, जबकि राजधानी काठमांडू और आसपास के इलाकों में गुस्साई भीड़ ने संसद, राष्ट्रपति आवास और मंत्रियों के घरों पर कब्जा कर लिया है।
सिंह दरबार और संसद में प्रदर्शनकारियों की घुसपैठ
सूत्रों के अनुसार, गुस्साए प्रदर्शनकारियों ने प्रधानमंत्री कार्यालय ‘सिंह दरबार’ में जबरन प्रवेश किया और तोड़फोड़ की। इतना ही नहीं, भीड़ ने संसद भवन को भी अपने कब्जे में ले लिया है।

राष्ट्रपति आवास पर हमला
स्थिति और बिगड़ गई जब प्रदर्शनकारियों ने राष्ट्रपति पौडेल के निजी आवास पर भी हमला कर दिया। वहां आगजनी की गई और सुरक्षा बलों के साथ भिड़ंत हुई।
मंत्रियों के घर बने निशाना
आंदोलनकारियों ने कई मंत्रियों के घरों को भी निशाना बनाया है। आगजनी और लूटपाट की खबरें लगातार सामने आ रही हैं। अब तक कई मंत्रियों ने इस्तीफा दे दिया है और सरकार लगभग बिखर चुकी है।
इस्तीफों की झड़ी
प्रधानमंत्री के अलावा पहले ही गृह मंत्री रमेश लेखक और कृषि मंत्री रामनाथ अधिकारी ने इस्तीफा दिया था। अब स्थिति और बिगड़ने के बाद अन्य मंत्रियों पर भी दबाव बढ़ गया है।
नेपाल में तख्तापलट जैसे हालात
विशेषज्ञों का मानना है कि नेपाल इस समय तख्तापलट जैसी स्थिति से गुजर रहा है। सेना राजधानी में तैनात है, लेकिन प्रदर्शनकारियों की भीड़ इतनी बड़ी है कि हालात काबू से बाहर होते जा रहे हैं।
जनता का गुस्सा क्यों?
जनता लंबे समय से सरकार के भ्रष्टाचार और तानाशाही फैसलों से परेशान है। खासतौर पर सोशल मीडिया बैन ने युवाओं के गुस्से को और भड़का दिया। यही वजह है कि आंदोलन में बड़ी संख्या में छात्र और नौजवान शामिल हुए और अब पूरे देश में बगावत की आग फैल चुकी है।








