लोहरदगा पुलिस की बड़ी कामयाबी: 1 लाख ईनामी नक्सली राजा हेमंत असुर गिरफ्तार
कई जिलों की हिंसक घटनाओं में था शामिल, कट्टा और कारतूस भी बरामद
लोहरदगा: लोहरदगा जिले की कुडू पुलिस ने मंगलवार देर रात नक्सल विरोधी अभियान में एक बड़ी सफलता हासिल की है। पुलिस ने भाकपा माओवादी संगठन से जुड़े एक लाख रुपये के ईनामी दस्ता सदस्य राजा हेमंत असुर उर्फ राजन असुर उर्फ राजा उर्फ राजन खेरवार को गिरफ्तार कर लिया। सुरक्षा बलों ने उसके पास से एक देशी कट्टा और 8 एमएम के दस जिंदा कारतूस भी बरामद किए हैं।
राजा हेमंत असुर लंबे समय से लोहरदगा, लातेहार और गुमला जिले में सक्रिय रहा है और उसके खिलाफ कई गंभीर नक्सली घटनाओं में संलिप्तता के प्रमाण मिले हैं। पुलिस इस गिरफ्तारी को क्षेत्र में सक्रिय उग्रवादी नेटवर्क पर बड़ा झटका मान रही है।
गुप्त सूचना के बाद शुरू हुआ ऑपरेशन
सूत्रों के अनुसार, पुलिस अधीक्षक लोहरदगा को गुप्त सूचना मिली कि भाकपा माओवादी के कुख्यात रिजनल कमांडर रविंद्र गंझू (15 लाख ईनामी) अपने विश्वस्त दस्ता सदस्य राजा हेमंत असुर के साथ हथियारों के साथ चंदवा थाना क्षेत्र के हेसला बांझीटोली से कुडू के चुल्हापानी की ओर बढ़ रहा है। सूचना मिलते ही एसपी ने त्वरित कार्रवाई के निर्देश जारी किए।
इसके बाद स्वामित्व क्षेत्र किस्को के अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी वेदांत शंकर के नेतृत्व में एक उच्चस्तरीय संयुक्त टीम गठित की गई। टीम में पुलिस निरीक्षक मनीष कुमार चौबे (32वीं वाहिनी एसएसबी), कुडू थाना प्रभारी अजीत कुमार, तकनीकी शाखा के अधिकारी तथा एसएसबी के जवान शामिल थे।
जंगल में घेराबंदी, संदिग्ध गिरफ्तार
संयुक्त दल ने देर रात कुडू–चंदवा मार्ग के जंगली इलाके में स्थित केरवाडी शिव मंदिर के आसपास घेराबंदी की। रात करीब 11 बजे एक संदिग्ध व्यक्ति पुलिस को देखकर भागने की कोशिश करता दिखाई दिया। पुलिस ने तुरंत उसे दबोच लिया।पूछताछ में उसने अपना नाम राजा हेमंत असुर बताया। तलाशी में उसके पास से एक देसी कट्टा और 10 जिंदा कारतूस मिले। पुलिस का कहना है कि वह इलाके में स्थित अपने नक्सली दस्ते के ठिकाने की ओर जा रहा था।
यूएपीए सहित कई धाराओं में केस दर्ज
पुलिस ने कुडू थाना में कांड संख्या 125/25 के तहत राजा हेमंत असुर पर
- आर्म्स एक्ट
- सीएलए एक्ट
- यूएपीए की धारा 13/16
में मामला दर्ज कर लिया है। गिरफ्तारी के तुरंत बाद उसे न्यायिक हिरासत में भेजने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई।
कई नक्सली वारदातों में शामिल होने का किया खुलासा
पूछताछ के दौरान राजा हेमंत असुर ने माओवादी संगठन में अपनी सक्रिय संलिप्तता स्वीकार की है। पुलिस के अनुसार, वह
- लोहरदगा
- लातेहार
- गुमला
जिले के कई क्षेत्रों में हुई हिंसक घटनाओं, पुलिस पर हमला, विस्फोट और उगाही जैसे मामलों में शामिल रहा है। पुलिस को संदेह है कि वह 15 लाख रुपये के ईनामी रिजनल कमांडर रविंद्र गंझू के कोर ग्रुप में कार्य करता था और उसे इलाके की गतिविधियों, हथियार सप्लाई और दस्ता संचालन में महत्वपूर्ण भूमिका दी जाती थी।
पुलिस के अनुसार, नेटवर्क कमजोर करने में बड़ी सफलता
गिरफ्तारी को लेकर पुलिस अधिकारियों ने कहा है कि यह कार्रवाई इलाके में सक्रिय नक्सली नेटवर्क को कमजोर करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। कई वर्षों से सक्रिय रहा यह ईनामी नक्सली जंगलों में छिपकर पुलिस और ग्रामीणों के लिए खतरा बना हुआ था। अधिकारियों का कहना है कि क्षेत्र में नक्सल अभियान जारी रहेगा और जल्द ही अन्य फरार उग्रवादियों को भी दबोच लिया जाएगा।
अभियान में लगी पुलिस टीम की सराहना
एसपी ने संयुक्त टीम के अधिकारियों और जवानों की सराहना करते हुए कहा कि इलाके में नक्सल उन्मूलन के लिए लगातार अभियान चलाया जा रहा है और यह सफलता उसी निरंतर प्रयास का हिस्सा है। कुडू थाना प्रभारी अजीत कुमार तथा एसएसबी जवानों के नेतृत्व में इस कार्रवाई ने एक बार फिर यह साबित कर दिया है कि पुलिस और सुरक्षा बल के आपसी समन्वय से नक्सली गतिविधियों पर लगाम लगाया जा सकता है।








