कार्ल मार्क्स जयंती पर CPI का आयोजन, रांची में श्रद्धांजलि सभा
CPI कार्यालय में आयोजित कार्यक्रम, विचारों की प्रासंगिकता पर चर्चा
रांची: झारखंड की राजधानी रांची स्थित भाकपा (CPI) राज्य कार्यालय के सभागार में महान दार्शनिक और समाजवादी विचारक कार्ल मार्क्स की 208वीं जयंती पर श्रद्धांजलि सभा का आयोजन किया गया। इस अवसर पर पार्टी नेताओं और कार्यकर्ताओं ने उनके चित्र पर पुष्प अर्पित कर उन्हें याद किया।
शोषितों की आवाज बने मार्क्स के विचार
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए भाकपा के राज्य कार्यकारिणी सदस्य सह जिला मंत्री अजय सिंह ने कहा कि कार्ल मार्क्स के विचार आज भी समाज के शोषित और वंचित वर्गों को मुख्यधारा में लाने के लिए प्रेरित करते हैं। उन्होंने कहा कि मार्क्स ने दुनिया को एक नई सोच दी और मजदूर वर्ग को एकजुट होने का संदेश दिया। उनका प्रसिद्ध नारा “दुनिया के मजदूरों एक हो” आज भी उतना ही प्रासंगिक है।
‘दास कैपिटल’ की आज भी बनी है पहचान
अजय सिंह ने कहा कि कार्ल मार्क्स की लिखी किताब दास कैपिटल आज भी दुनिया की सबसे चर्चित और पढ़ी जाने वाली पुस्तकों में शामिल है। उन्होंने बताया कि मार्क्स का जीवन संघर्षों से भरा रहा, लेकिन उनके विचारों ने पूरी दुनिया में एक नई क्रांति का मार्ग प्रशस्त किया।
वर्तमान राजनीति में भी प्रासंगिक विचार
कार्यक्रम में वक्ताओं ने कहा कि आज के दौर की राजनीति में भी कार्ल मार्क्स के विचार बेहद महत्वपूर्ण हैं। आर्थिक असमानता, बेरोजगारी और सामाजिक न्याय जैसे मुद्दों पर उनके सिद्धांत आज भी समाधान की दिशा दिखाते हैं।
कार्यक्रम में कई नेता रहे मौजूद
इस अवसर पर एहतेशाम, श्याम चक्रवर्ती, मनोज ठाकुर, राजेश, कृष्णकांत वर्मा और अहमद खान सहित कई कार्यकर्ता और नेता उपस्थित रहे। सभी ने एक स्वर में कहा कि मार्क्स के विचारों को समाज में आगे बढ़ाना ही उनके प्रति सच्ची श्रद्धांजलि होगी। रांची में आयोजित यह कार्यक्रम न केवल कार्ल मार्क्स को याद करने का अवसर था, बल्कि उनके विचारों को वर्तमान संदर्भ में समझने का भी मंच बना। उनकी विचारधारा आज भी समाज में समानता और न्याय की दिशा में मार्गदर्शन करती है।




