चास से लापता नाबालिग नवी मुंबई से बरामद: आरोपी गिरफ्तार, पुलिस की तत्परता से टली बड़ी अनहोनी
स्कूल के बहाने निकली, चार दिन तक लापता रही बच्ची
बोकारो: झारखंड के बोकारो जिले से एक राहत भरी खबर सामने आई है, जहां चास थाना क्षेत्र से लापता 13 वर्षीय नाबालिग लड़की को पुलिस ने सकुशल बरामद कर लिया है। इस मामले में पुलिस ने आरोपी मुकेश महतो को गिरफ्तार कर लिया है और उससे पूछताछ जारी है।
22 अप्रैल को घर से निकली, वापस नहीं लौटी
मामला 22 अप्रैल 2026 का है, जब चास थाना क्षेत्र के अलकुसा निवासी वासुदेव शर्मा की 13 वर्षीय बेटी स्कूल जाने के नाम पर घर से निकली थी, लेकिन देर शाम तक वापस नहीं लौटी। परिजनों ने काफी खोजबीन की, लेकिन कोई सुराग नहीं मिलने पर 23 अप्रैल को चास थाना में शिकायत दर्ज कराई गई।
पुलिस ने दर्ज किया मामला, शुरू हुई जांच
मामले की गंभीरता को देखते हुए चास थाना में कांड संख्या 39/2026 दर्ज कर लिया गया। पुलिस ने तुरंत विशेष छापेमारी टीम का गठन कर जांच शुरू की और तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर सुराग जुटाना शुरू किया।
बहला-फुसलाकर भगाने का खुलासा
जांच के दौरान पुलिस को जानकारी मिली कि आरोपी मुकेश महतो ने लड़की को बहला-फुसलाकर अपने साथ भगा लिया था। प्राथमिक जांच में यह भी सामने आया कि आरोपी की मंशा शादी करने की थी, जिसके चलते उसने इस पूरी घटना को अंजाम दिया।
नवी मुंबई में मिला सुराग, सफल ऑपरेशन
तकनीकी निगरानी और गुप्त सूचना के आधार पर पुलिस को आरोपी के लोकेशन का पता चला, जो महाराष्ट्र के नवी मुंबई में था। इसके बाद पुलिस टीम ने 26 अप्रैल को एक सुनियोजित ऑपरेशन चलाकर नाबालिग लड़की को सकुशल बरामद कर लिया।
परिजनों को सौंपा गया, परिवार में खुशी
बरामदगी के बाद आवश्यक कानूनी प्रक्रिया पूरी करते हुए 30 अप्रैल को लड़की को उसके परिजनों को सौंप दिया गया। लंबे इंतजार के बाद बेटी के सुरक्षित लौटने से परिवार में राहत और खुशी का माहौल है।
आरोपी गिरफ्तार, कानूनी कार्रवाई जारी
पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है और उसके खिलाफ कानूनी कार्रवाई जारी है। मामले में संबंधित धाराओं के तहत केस दर्ज कर आगे की जांच की जा रही है।
सतर्कता और त्वरित कार्रवाई बनी सफलता की कुंजी
इस पूरे मामले में पुलिस की त्वरित कार्रवाई, तकनीकी जांच और समन्वय ने अहम भूमिका निभाई। अगर समय रहते कार्रवाई नहीं होती, तो स्थिति गंभीर हो सकती थी।
समाज के लिए संदेश
यह घटना समाज के लिए भी एक महत्वपूर्ण संदेश देती है कि बच्चों की सुरक्षा को लेकर सतर्क रहना बेहद जरूरी है। अभिभावकों को चाहिए कि वे अपने बच्चों की गतिविधियों पर ध्यान रखें और किसी भी संदिग्ध स्थिति में तुरंत पुलिस को सूचना दें। बोकारो पुलिस की तत्परता और प्रभावी कार्रवाई से एक नाबालिग लड़की को सुरक्षित बचा लिया गया, जो एक सराहनीय पहल है। हालांकि यह घटना यह भी दर्शाती है कि समाज में ऐसी घटनाओं की रोकथाम के लिए जागरूकता और सुरक्षा उपायों को और मजबूत करने की जरूरत है।






