CNG के दाम बढ़े, ₹2 की बढ़ोतरी के बाद 84 रुपये प्रति किलो पहुंचा रेट
आम लोगों पर फिर बढ़ा महंगाई का बोझ
मुनादी लाइव : देशभर में लगातार बढ़ती महंगाई के बीच अब CNG उपभोक्ताओं को भी बड़ा झटका लगा है। शहर में कंप्रेस्ड नेचुरल गैस (CNG) की कीमत में 2 रुपये प्रति किलो की बढ़ोतरी कर दी गई है। नई दर लागू होने के बाद अब CNG का रेट 84 रुपये प्रति किलो पहुंच गया है। यह फैसला Mahanagar Gas Limited ने लिया है। नई कीमतों का सीधा असर आम लोगों, ऑटो चालकों, टैक्सी संचालकों और सार्वजनिक परिवहन सेवाओं पर पड़ने वाला है।
ऑटो और टैक्सी चालकों की बढ़ी चिंता
CNG की कीमत बढ़ने से सबसे ज्यादा असर ऑटो रिक्शा और टैक्सी चालकों पर पड़ रहा है। पिछले कुछ महीनों से ईंधन की कीमतों में लगातार उतार-चढ़ाव देखने को मिल रहा है, जिससे परिवहन क्षेत्र पहले से दबाव में है। अब 2 रुपये प्रति किलो की अतिरिक्त बढ़ोतरी के बाद चालकों की दैनिक लागत और बढ़ जाएगी। ऑटो चालकों का कहना है कि पहले ही कमाई और खर्च के बीच संतुलन बनाना मुश्किल हो रहा था। अब CNG महंगी होने से किराया बढ़ाने की नौबत आ सकती है। हालांकि किराया बढ़ाने पर यात्रियों की संख्या कम होने का भी डर बना हुआ है।
सार्वजनिक परिवहन पर भी दिखेगा असर
CNG का इस्तेमाल कई शहरों में बसों और सार्वजनिक परिवहन वाहनों में बड़े पैमाने पर होता है। ऐसे में कीमत बढ़ने का असर परिवहन सेवाओं की लागत पर भी पड़ेगा। परिवहन कंपनियां अब परिचालन खर्च बढ़ने की बात कह रही हैं। विशेषज्ञों का मानना है कि यदि ईंधन कीमतों में लगातार बढ़ोतरी जारी रही तो इसका असर आने वाले दिनों में बस और टैक्सी किराए पर भी देखने को मिल सकता है। महंगाई के इस दौर में आम लोगों की जेब पर पहले से ही दबाव बना हुआ है। खाद्य पदार्थों, बिजली, गैस सिलेंडर और पेट्रोल-डीजल की बढ़ती कीमतों के बीच अब CNG महंगी होने से मध्यम वर्ग और रोज कमाने-खाने वाले लोगों की परेशानी और बढ़ सकती है।
क्यों बढ़े CNG के दाम?
ऊर्जा क्षेत्र से जुड़े जानकारों का कहना है कि अंतरराष्ट्रीय बाजार में गैस की कीमतों में बदलाव, सप्लाई लागत और वितरण खर्च बढ़ने की वजह से कंपनियां कीमतों में संशोधन कर रही हैं। हालांकि उपभोक्ताओं का कहना है कि लगातार बढ़ती कीमतों से उनका बजट बिगड़ रहा है। पिछले कुछ वर्षों में पेट्रोल और डीजल की तुलना में CNG को सस्ता और पर्यावरण के अनुकूल ईंधन माना जाता रहा है। इसी वजह से बड़ी संख्या में लोगों ने CNG वाहन अपनाए। लेकिन अब लगातार बढ़ती कीमतों ने उपभोक्ताओं की चिंता बढ़ा दी है।
लोगों ने सरकार से राहत की मांग की
CNG कीमतों में बढ़ोतरी के बाद आम लोगों और वाहन चालकों ने सरकार से राहत देने की मांग की है। उनका कहना है कि यदि इसी तरह ईंधन की कीमतें बढ़ती रहीं तो रोजमर्रा की जिंदगी और महंगी हो जाएगी। कई संगठनों ने सरकार से टैक्स में राहत और कीमतों को नियंत्रित करने के लिए हस्तक्षेप करने की अपील की है। फिलहाल नई कीमतें लागू हो चुकी हैं और उपभोक्ताओं को अब 84 रुपये प्रति किलो की दर से CNG खरीदनी होगी। आने वाले दिनों में इसका असर परिवहन किराए और बाजार की महंगाई पर भी दिखाई दे सकता है।




