राजीव रंजन मिश्रा को जेल भेजे जाने के विरोध में धरना, CBI जांच की मांग
लोक भवन के पास आयोजित हुआ एकदिवसीय धरना
Ranchi : Ranchi में विभिन्न धार्मिक, सामाजिक, राजनीतिक और गैर-राजनीतिक संगठनों के प्रतिनिधियों ने प्रसिद्ध सामाजिक कार्यकर्ता Rajiv Ranjan Mishra की गिरफ्तारी और उन्हें जेल भेजे जाने के विरोध में एकदिवसीय धरना दिया। यह धरना लोक भवन के समीप रविवार सुबह आयोजित किया गया, जिसमें करीब 400 लोग शामिल हुए। प्रदर्शनकारियों ने पूरे मामले की उच्चस्तरीय या Central Bureau of Investigation (CBI) जांच की मांग उठाई।
राज्यपाल के नाम सौंपा गया ज्ञापन
धरना के दौरान प्रदर्शनकारियों ने Santosh Kumar Gangwar के नाम ज्ञापन सौंपते हुए निष्पक्ष जांच की मांग की। ज्ञापन में कहा गया कि यदि मामले की उच्चस्तरीय जांच नहीं कराई गई या CBI जांच की अनुशंसा नहीं की गई, तो आंदोलन को चरणबद्ध तरीके से आगे बढ़ाया जाएगा।



‘साजिश के तहत फंसाया गया’
धरना के दौरान वक्ताओं ने कहा कि राजीव रंजन मिश्रा पिछले 45 वर्षों से सामाजिक और धार्मिक कार्यों से जुड़े रहे हैं तथा उन्होंने समाज हित और सांप्रदायिक सद्भाव के लिए लगातार काम किया है। वक्ताओं का आरोप था कि परिस्थितिजन्य साक्ष्यों से ऐसा प्रतीत होता है कि उन्हें साजिश के तहत फंसाया गया है। उनका कहना था कि किसी व्यक्ति ने उन्हें मदद के बहाने होटल नटराज बुलाया और एक कमरे में इंतजार करने को कहा। प्रदर्शनकारियों के अनुसार उसी कमरे में वन्यजीवों से संबंधित प्रतिबंधित वस्तुएं मौजूद थीं और उसी दौरान वन विभाग ने छापेमारी कर उन्हें गिरफ्तार कर लिया।
‘असली दोषी अभी भी बाहर’
वक्ताओं ने दावा किया कि मामले का वास्तविक आरोपी अब भी पकड़ से बाहर है और निष्पक्ष जांच होने पर पूरी सच्चाई सामने आ जाएगी। धरना में शामिल लोगों ने कहा कि यदि निष्पक्ष जांच नहीं हुई, तो समाज के विभिन्न संगठन लोकतांत्रिक तरीके से आंदोलन को और तेज करेंगे।
कई संगठनों के प्रतिनिधि रहे मौजूद
धरना कार्यक्रम की अध्यक्षता अधिवक्ता एवं भाजपा नेता Pranav Kumar Babbu ने की, जबकि संचालन राजेश गुप्ता छोटू ने किया। कार्यक्रम में ललित ओझा, आलोक कुमार दुबे, संजय सहाय, राजीव रंजन प्रसाद, मौलेश सिंह, धर्मेंद्र तिवारी, मोहम्मद गुलाम मुस्तफा, जय सिंह यादव, अखिलेश राय, सुभाष साहू समेत कई सामाजिक और राजनीतिक प्रतिनिधियों ने अपने विचार रखे।

मामले को लेकर बढ़ी राजनीतिक और सामाजिक हलचल
राजीव रंजन मिश्रा की गिरफ्तारी के बाद रांची में सामाजिक और राजनीतिक हलचल तेज हो गई है। विभिन्न संगठनों द्वारा लगातार निष्पक्ष जांच की मांग की जा रही है। अब सबकी नजर राज्य सरकार और जांच एजेंसियों की अगली कार्रवाई पर टिकी हुई है।





