जामताड़ा में साइबर पुलिस की बड़ी कार्रवाई, फर्जी APK फाइल भेजकर ठगी करने वाले 3 आरोपी गिरफ्तार
जामताड़ा: जामताड़ा में साइबर अपराध के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत साइबर पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। पुलिस ने छापेमारी कर तीन साइबर ठगों को गिरफ्तार किया है, जो फर्जी APK फाइल भेजकर लोगों के मोबाइल से गोपनीय जानकारी चुराते थे और ई-वॉलेट के माध्यम से साइबर ठगी को अंजाम देते थे।
गुप्त सूचना पर हुई छापेमारी
मामले की जानकारी देते हुए शंभु कुमार सिंह ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में बताया कि गुप्त सूचना के आधार पर कार्रवाई की गई। उन्होंने कहा कि थाना प्रभारी राजेश मंडल के नेतृत्व में एक विशेष छापामारी दल का गठन किया गया। इसके बाद नारायणपुर थाना क्षेत्र के ग्राम दखनीडीह स्थित बंद पड़े प्राथमिक विद्यालय में छापेमारी की गई, जहां साइबर अपराधियों के सक्रिय होने की सूचना मिली थी।
तीन साइबर अपराधी गिरफ्तार
छापेमारी के दौरान पुलिस ने तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान राजेश मंडल, अजय मंडल और हीरालाल मंडल के रूप में हुई है। पुलिस ने बताया कि सभी आरोपी लंबे समय से साइबर ठगी के नेटवर्क से जुड़े हुए थे।
फर्जी LPG APK फाइल से करते थे ठगी
जांच में खुलासा हुआ कि आरोपी लोगों के व्हाट्सएप नंबर पर LPG से जुड़ी फर्जी APK फाइल भेजते थे। जब लोग उस फाइल को डाउनलोड और इंस्टॉल कर लेते थे, तब आरोपी उनके मोबाइल की निजी और गोपनीय जानकारी तक पहुंच बना लेते थे। इसके बाद बैंकिंग डिटेल, OTP और अन्य संवेदनशील जानकारी हासिल कर ई-वॉलेट के जरिए साइबर ठगी को अंजाम दिया जाता था।
आरोपियों के पास से मोबाइल और फर्जी सिम बरामद
पुलिस ने गिरफ्तार आरोपियों के पास से आठ मोबाइल फोन, फर्जी सिम कार्ड बरामद किए हैं। बरामद मोबाइल और डिजिटल उपकरणों की फॉरेंसिक जांच भी कराई जाएगी, ताकि नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों की पहचान हो सके।
साइबर अपराध की धाराओं में मामला दर्ज
पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ साइबर अपराध से संबंधित विभिन्न धाराओं में मामला दर्ज किया है। सभी आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया है।
जामताड़ा फिर चर्चा में
देशभर में साइबर ठगी के मामलों को लेकर जामताड़ा का नाम पहले भी कई बार सामने आ चुका है। हालांकि हाल के वर्षों में पुलिस लगातार कार्रवाई कर साइबर गिरोहों पर शिकंजा कसने में जुटी हुई है। साइबर पुलिस द्वारा लगातार चलाए जा रहे अभियान के कारण कई गिरोहों का खुलासा हुआ है और बड़ी संख्या में अपराधियों को गिरफ्तार किया गया है।
पुलिस ने लोगों से की सावधानी बरतने की अपील
पुलिस अधिकारियों ने लोगों से अपील की है कि किसी भी अनजान लिंक, APK फाइल या मोबाइल एप्लिकेशन को डाउनलोड करने से पहले उसकी सत्यता जरूर जांच लें। साथ ही OTP, बैंकिंग जानकारी और निजी डेटा किसी के साथ साझा न करने की सलाह दी गई है।
डिजिटल ठगी के नए तरीके बढ़ा रहे चिंता
विशेषज्ञों का कहना है कि साइबर अपराधी अब लोगों को ठगने के लिए नए-नए तरीके अपना रहे हैं। फर्जी बैंक मैसेज, KYC अपडेट, LPG सब्सिडी, बिजली बिल और सरकारी योजनाओं के नाम पर APK फाइल भेजकर मोबाइल हैक करने के मामले तेजी से बढ़ रहे हैं।
जामताड़ा साइबर पुलिस की यह कार्रवाई डिजिटल ठगी के खिलाफ बड़ी सफलता मानी जा रही है। फर्जी APK फाइल के जरिए लोगों की निजी जानकारी चुराकर साइबर ठगी करने वाले गिरोह पर कार्रवाई से एक बार फिर यह स्पष्ट हुआ है कि ऑनलाइन सतर्कता और जागरूकता आज के दौर में बेहद जरूरी है।






