Gold Price: ट्रंप की चाल और सुबह-सुबह सोना हुआ धड़ाम, डेढ़ महीने के निचले स्तर पर पहुंचा गोल्ड
ट्रंप के बयान से बाजार में हलचल
मुनादी लाइव : अमेरिका और ईरान के बीच बढ़ते तनाव का असर अब वैश्विक बाजारों पर साफ दिखाई देने लगा है। चीन दौरे से लौटने के बाद Donald Trump द्वारा ईरान पर संभावित हमले के संकेत दिए जाने के बाद अंतरराष्ट्रीय बाजार में बड़ी हलचल देखी गई। युद्ध की आशंका बढ़ने के बीच जहां कच्चे तेल यानी क्रूड ऑयल की कीमतों में तेजी आई है, वहीं सोने और चांदी की कीमतों में भारी गिरावट दर्ज की गई है। सोमवार सुबह अंतरराष्ट्रीय बाजार में सोना गिरकर करीब डेढ़ महीने के निचले स्तर पर पहुंच गया।
इंटरनेशनल मार्केट में धड़ाम हुआ सोना
अंतरराष्ट्रीय बाजार कॉमेक्स में सोमवार सुबह सोने की कीमत करीब 34 डॉलर प्रति औंस टूटकर 4,527.60 डॉलर प्रति औंस तक पहुंच गई। कुछ समय के दौरान सोने में लगभग 40 डॉलर प्रति औंस तक की गिरावट देखी गई। वहीं चांदी की कीमतों में भी बड़ी गिरावट दर्ज की गई। चांदी करीब ढाई डॉलर टूटकर 75 डॉलर प्रति औंस के आसपास पहुंच गई।
विशेषज्ञों का कहना है कि पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव और डॉलर की मजबूती का सीधा असर कीमती धातुओं पर पड़ा है।
भारत में भी दिख सकता है असर
अंतरराष्ट्रीय बाजार में आई गिरावट का असर घरेलू बाजार में भी देखने को मिल सकता है। पिछले कुछ दिनों में भारत सरकार द्वारा सोने पर कस्टम ड्यूटी बढ़ाने के बाद घरेलू बाजार में गोल्ड और सिल्वर की कीमतों में तेज उछाल आया था। सरकार ने विदेशी मुद्रा भंडार को मजबूत करने और रुपये को सपोर्ट देने के उद्देश्य से सोने की आयात शुल्क दर को 6 प्रतिशत से बढ़ाकर 15 प्रतिशत कर दिया था। इस फैसले के बाद सोने और चांदी की कीमतों में जबरदस्त तेजी दर्ज की गई थी। हालांकि अब अंतरराष्ट्रीय बाजार में कमजोरी आने के बाद घरेलू बाजार में भी कीमतों पर दबाव देखने को मिल सकता है।
घरेलू बाजार में क्या रहे ताजा भाव
शुक्रवार को घरेलू सर्राफा बाजार में सोना और चांदी मिश्रित रुख के साथ बंद हुए थे। IBJA द्वारा जारी रेट के अनुसार:
- 24 कैरेट सोना 1,58,210 रुपये प्रति 10 ग्राम पर बंद हुआ।
- 23 कैरेट सोना 1,57,526 रुपये प्रति 10 ग्राम रहा।
- 22 कैरेट सोना 1,44,874 रुपये प्रति 10 ग्राम पर पहुंच गया।
वहीं चांदी की कीमत गिरकर 2,68,500 रुपये प्रति किलो पर बंद हुई।
क्यों गिर रहे हैं सोने के दाम?
आमतौर पर वैश्विक तनाव और युद्ध जैसी स्थिति में निवेशक सोने को सुरक्षित निवेश मानते हैं, लेकिन इस बार बाजार का रुख अलग दिखाई दे रहा है। विशेषज्ञों का मानना है कि अमेरिका द्वारा संभावित सैन्य कार्रवाई और डॉलर इंडेक्स में मजबूती के कारण निवेशक फिलहाल कैश और डॉलर की तरफ ज्यादा झुक रहे हैं। इसके अलावा कच्चे तेल की कीमतों में उछाल से भी बाजार में अस्थिरता बढ़ी है।
निवेशकों की बढ़ी चिंता
सोने और चांदी की कीमतों में लगातार उतार-चढ़ाव से निवेशकों की चिंता बढ़ गई है। बाजार विशेषज्ञों का कहना है कि आने वाले दिनों में अमेरिका-ईरान तनाव और वैश्विक आर्थिक हालात के आधार पर कीमती धातुओं की दिशा तय होगी।यदि पश्चिम एशिया में हालात और बिगड़ते हैं, तो बाजार में और अधिक अस्थिरता देखने को मिल सकती है।






