रांची में हाई-प्रोफाइल अपहरण कांड: 24 घंटे में युवक सकुशल बरामद, चार गिरफ्तार
शादी समारोह से युवक का अपहरण, फिरौती की मांग से फैली सनसनी
रांची: रांची में बीते 23 नवंबर की देर रात एक बड़ी आपराधिक वारदात सामने आई, जब दलादली ओपी क्षेत्र स्थित द पैलेस बैंक्वेट हॉल में अपनी बहन की शादी में शामिल होने आए एक युवक का अज्ञात बदमाशों ने अपहरण कर लिया। अपहरण की यह घटना आधी रात के बाद करीब दो बजे घटी, जब पीड़ित युवक सुमित सोनी को चार अपराधियों ने जबरन उठाकर अपने साथ ले गए। घटना की जानकारी मिलने के बाद पूरे इलाके में दहशत फैल गई और मामला देखते ही देखते हाई-प्रोफाइल केस बन गया।
पीड़ित के पिता ने दी पुलिस को सूचना, फिरौती की 20 लाख की मांग
अगली सुबह 24 नवंबर को पीड़ित के पिता शिवशंकर प्रसाद, जो आरा, बिहार के निवासी हैं, ने स्थानीय नगर थाना पहुंचकर घटना की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि देर रात सुमित ने घबराते हुए फोन किया था कि चार अपराधियों ने उसे अगवा कर लिया है और उसकी रिहाई के बदले 20 लाख रुपये की फिरौती की मांग की जा रही है। अपराधियों ने धमकी दी थी कि रकम जल्द नहीं दी गई तो युवक की हत्या कर दी जाएगी।
एसएसपी राकेश रंजन ने दी त्वरित कार्रवाई की कमान
वारदात की गंभीरता को देखते हुए रांची के एसएसपी राकेश रंजन ने तत्काल कार्रवाई का निर्देश दिया। उन्होंने ग्रामीण एसपी के नेतृत्व में एक विशेष टीम गठित की, जिसमें तकनीकी सेल और कई थानों की संयुक्त टीम शामिल की गई। टीम को निर्देश दिया गया कि अपहरणकर्ताओं का जल्द से जल्द पता लगाकर पीड़ित को सुरक्षित बरामद किया जाए।
तकनीकी जांच और खुफिया इनपुट से मिली अहम जानकारी
विशेष टीम ने सटीक लोकेशन ट्रैकिंग, मोबाइल सर्विलांस और तकनीकी विश्लेषण को आधार बनाकर जांच आगे बढ़ाई। पता चला कि अपराधी पीड़ित को रांची से लेकर बिहार राज्य की ओर निकल चुके हैं। पुलिस ने तुरंत सीमावर्ती जिलों में अलर्ट जारी किया और शक के आधार पर कई वाहनों की जांच शुरू की।
गया जिले के डोभी से मिली सफलता, फिरौती गिरोह धराया
लगातार खोजबीन के बाद पुलिस ने पता लगाया कि अपहृत युवक की लोकेशन बिहार के गया जिले के डोभी क्षेत्र में पाई जा रही है। इसके बाद रांची पुलिस और बिहार पुलिस ने संयुक्त ऑपरेशन चलाया और छापेमारी के दौरान युवक सुमित सोनी को एक घर से सकुशल बरामद कर लिया। साथ ही चारों अपहरणकर्ता—नारायण कुमार, सोनू कुमार विश्वकर्मा, सुमित कुमार और हर्ष कुमार—को भी मौके से गिरफ्तार कर लिया गया।
पुराने लेन-देन को लेकर रची गई थी अपहरण की साजिश
पूछताछ में गिरफ्तार अपराधियों ने खुलासा किया कि अपहरण की पूरी योजना फिरौती वसूली के लिए बनाई गई थी। उन्होंने बताया कि पहले उन्होंने पीड़ित को कुछ रकम उधार दी थी, जिसे वापस लेने के लिए उन्होंने यह चरम कदम उठाया। अपराधियों ने कहा कि वे आरा से एक सफेद वाहन में रांची आए थे और शादी समारोह में पीड़ित पर नजर रख रहे थे।
24 घंटे में केस सुलझाकर पुलिस ने पेश की मिसाल
रांची पुलिस की इस तेज कार्रवाई की पूरे जिले में सराहना हो रही है। अपहरण की घटना के 24 घंटे के भीतर पीड़ित की सुरक्षित बरामदगी और अपराधियों की गिरफ्तारी ने पुलिस की तत्परता को साबित किया है। एसएसपी राकेश रंजन ने कहा कि इस तरह के अपराधों को किसी भी हाल में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा और गैंग से जुड़े अन्य लोगों की भी तलाश जारी है।
परिवार ने राहत की सांस ली, पुलिस का जताया आभार
पीड़ित के परिजनों ने बेटे की सुरक्षित वापसी पर राहत की सांस ली और रांची पुलिस का आभार प्रकट किया। उन्होंने कहा कि इतनी बड़ी वारदात में पुलिस ने जिस प्रकार तुरंत कदम उठाया और बच्चे को सुरक्षित लौटाया, वह सराहनीय है।








