बोकारो में बर्बरता की हद! प्रॉपर्टी के लालच में मां-बेटे को 15 महीने तक कैद
बोकारो : बोकारो जिले में एक दर्दनाक और चौंकाने वाला मामला सामने आया है। प्रॉपर्टी हड़पने की नीयत से एक शख्स ने मां-बेटे को पूरे 15 महीने तक बंधक बनाकर रखा। सूचना मिलने के बाद पुलिस ने त्वरित कार्रवाई की और दोनों को सुरक्षित रेस्क्यू किया। इस घटना ने पूरे इलाके में सनसनी मचा दी है और लोगों में गुस्से का माहौल है।
15 महीने से बंद घर में मां-बेटे को रखा गया कैद
जानकारी के अनुसार, सेक्टर 3 निवासी अनिल सिंह नामक व्यक्ति ने प्रॉपर्टी हड़पने की मंशा से सेक्टर 6डी के मकान नंबर 2517 में मां और बेटे को पिछले 15 महीनों से बंद कर रखा था। बाहर से दरवाजा बंद कर वह उन्हें अंदर ही कैद रखता था। इस घिनौनी हरकत की जानकारी जब स्थानीय पुलिस को मिली तो टीम ने मौके पर पहुंचकर छापेमारी की और दोनों को बंधनमुक्त कराया।
थाना प्रभारी संगीता कुमारी ने बताया — “हमें सूचना मिली थी कि एक घर में मां-बेटे को 15 महीने से बंधक बनाकर रखा गया है। टीम को मौके पर भेजा गया और दोनों को रेस्क्यू कर लिया गया। दोनों की हालत काफी खराब थी। मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है।”
पीड़ित का बयान: “हमें खाना भी नसीब नहीं होता था”
पीड़ित संतोष सिंह ने मीडिया से बात करते हुए बताया कि अनिल सिंह, जो एक राजनीतिक संगठन से जुड़ा हुआ है, ने उन्हें और उनकी मां को बंद कमरे में कैद कर रखा था। बाहर से ताला लगा दिया जाता था और खाने-पीने के लिए भी तरसना पड़ता था।
उन्होंने कहा — “जब दवा और जरूरत की चीजें मांगते थे, तो रस्सी से बैग नीचे करके ही सामान दिया जाता था। हमें इंसानों जैसा नहीं, कैदियों जैसा रखा गया।”
प्रॉपर्टी विवाद बना वजह
मामले की तहकीकात में सामने आया है कि पीड़ित परिवार चास के तारानगर का रहने वाला है। पारिवारिक विवाद के चलते पीड़ित की प्रॉपर्टी पर नज़र रखते हुए आरोपी ने पहले पावर ऑफ अटॉर्नी हासिल की और फिर 23 जुलाई 2024 से मां-बेटे को बंधक बनाकर घर में बंद कर दिया। आरोपी की योजना पीड़ित की संपत्ति हड़पने की थी।
पुलिस जांच जारी, आरोपी की भूमिका पर शिकंजा
इस गंभीर मामले में पुलिस ने आरोपी की भूमिका को लेकर जांच तेज कर दी है। फिलहाल मां-बेटे को चिकित्सा जांच के लिए अस्पताल भेजा गया है और उनका बयान दर्ज किया गया है। पुलिस आरोपी के खिलाफ गंभीर धाराओं में मामला दर्ज कर आगे की कार्रवाई की तैयारी में है।
समाज में गुस्से की लहर, न्याय की मांग
इस अमानवीय घटना ने पूरे बोकारो में लोगों को झकझोर दिया है। स्थानीय नागरिकों ने प्रशासन से आरोपी को सख्त से सख्त सजा देने की मांग की है। मानवाधिकार संगठनों ने भी इस घटना की निंदा की है और पीड़ित परिवार को सुरक्षा व न्याय की मांग की है।






