14वीं JPSC अभ्यर्थियों को झटका: उम्र सीमा छूट की फाइल ‘स्थगित’, राहत की उम्मीद खत्म!
रांची: 14वीं झारखंड लोक सेवा आयोग (JPSC) परीक्षा की तैयारी कर रहे अभ्यर्थियों के लिए बड़ी निराशाजनक खबर सामने आई है। उम्र सीमा में अतिरिक्त छूट देने से जुड़ी फाइल मुख्यमंत्री की ओर से बिना किसी नए निर्देश के कार्मिक एवं प्रशासनिक सुधार विभाग को वापस भेज दी गई है। फाइल पर सिर्फ “स्थगित” लिखे जाने से साफ संकेत मिल रहा है कि फिलहाल आयु सीमा में राहत मिलने की संभावना लगभग खत्म हो चुकी है।
आवेदन की अंतिम तिथि नजदीक, निर्णय मुश्किल
बताया जा रहा है कि 14वीं JPSC परीक्षा के लिए आवेदन की अंतिम तिथि 14 फरवरी निर्धारित है और निकट भविष्य में कैबिनेट की कोई बैठक प्रस्तावित नहीं है। समय की कमी को देखते हुए इस मुद्दे पर दोबारा निर्णय लेना मुश्किल माना जा रहा है। इससे हजारों अभ्यर्थियों की उम्मीदों को बड़ा झटका लगा है।
तीन साल की छूट का था प्रस्ताव
कार्मिक विभाग की ओर से अभ्यर्थियों को तीन वर्ष की अतिरिक्त आयु सीमा छूट देने का प्रस्ताव तैयार किया गया था। प्रस्ताव में कट-ऑफ डेट 1 अगस्त 2023 करने की बात थी, जबकि वर्तमान विज्ञापन में कट-ऑफ 1 अगस्त 2026 तय है और अतिरिक्त छूट का कोई प्रावधान नहीं रखा गया है। कैबिनेट बैठक में इस प्रस्ताव को पहले ही स्थगित कर दिया गया था।
नियमों के मुताबिक, स्थगित प्रस्ताव को मंत्री के निर्देश पर संशोधित कर दोबारा पेश करना होता है, जिसके लिए मुख्यमंत्री की सहमति जरूरी होती है। लेकिन फाइल बिना किसी निर्देश के लौटने से नई प्रक्रिया आगे नहीं बढ़ सकी।
सरकार के भीतर भी रहे मतभेद
सूत्रों के अनुसार, शुरुआत में सरकार आयु सीमा में राहत देने पर सकारात्मक सोच रही थी और मुख्यमंत्री ने कोडरमा की सभा में इस मुद्दे पर संकेत भी दिए थे। हालांकि बाद में परिस्थितियां बदल गईं। अभ्यर्थियों के आंदोलन और राज्यपाल से मुलाकात जैसे घटनाक्रमों का असर सरकार के रुख पर पड़ा।
सरकारी स्तर पर भी इस मुद्दे को लेकर मतभेद सामने आए। कुछ अधिकारियों का तर्क था कि वैकेंसी 2023-24 की है, इसलिए 2023 को कट-ऑफ मानना उचित होगा। वहीं दूसरी ओर कुछ का मानना था कि ज्यादा छूट देने से चयनित अभ्यर्थियों की सेवा अवधि कम रह जाएगी। कोरोना महामारी के आधार पर पहले छूट दी गई थी, लेकिन इस बार वही तर्क लागू नहीं किया गया।
फिलहाल, फाइल स्थगित होने से हजारों JPSC अभ्यर्थियों की उम्मीदों को बड़ा झटका लगा है और परीक्षा को लेकर असमंजस की स्थिति बनी हुई है।






