पाकुड़ पुलिस ने अपराध और यातायात पर कसा शिकंजा

Pakur Police

पाकुड़: जिले में लगातार बढ़ते सड़क जाम और आपराधिक घटनाओं पर नियंत्रण पाने के लिए प्रशासन ने कमर कस ली है। शनिवार को पुलिस अधीक्षक की अध्यक्षता में एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई, जिसमें जिले में अपराध और यातायात की वर्तमान स्थिति की गहन समीक्षा की गई। बैठक में पुलिस उपाधीक्षक (मुख्यालय), नगर थाना प्रभारी, प्रभारी पीसीआर और यातायात विभाग के अधिकारी विशेष रूप से उपस्थित रहे।

शहर में बढ़ते यातायात जाम पर नियंत्रण
बैठक के दौरान सबसे पहले शहर में बढ़ते सड़क जाम की समस्या पर चर्चा की गई। पुलिस अधीक्षक ने स्पष्ट किया कि यातायात की अव्यवस्था न केवल लोगों के लिए परेशानी का कारण बन रही है, बल्कि आपातकालीन सेवाओं के लिए भी बाधा बन रही है। अधिकारियों को निर्देश दिया गया कि मुख्य चौक-चौराहों पर पुलिस बल की तैनाती बढ़ाएं, अवैध पार्किंग पर कार्रवाई करें और ट्रैफिक रूट को बेहतर बनाएं।

अपराधों पर सख्त कार्रवाई के निर्देश
पुलिस अधीक्षक ने नगर क्षेत्र में बढ़ रही लूट, चोरी, गृहभेदन और छिनतई जैसी घटनाओं पर चिंता व्यक्त की। उन्होंने कहा कि अपराध पर अंकुश लगाना और नागरिकों में सुरक्षा की भावना पैदा करना पुलिस की प्राथमिक जिम्मेदारी है। थाना प्रभारियों, गश्ती दलों, पीसीआर और टाइगर मोबाइल टीम को सक्रिय गश्त करने और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की तुरंत रिपोर्ट करने का आदेश दिया गया।

WhatsApp Image 2025 10 11 at 17.23.56

जनता की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता
एसपी ने यह भी स्पष्ट किया कि लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। जो भी अधिकारी अपने दायित्व में कोताही करेगा, उसके खिलाफ कड़ी विभागीय कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने कहा, “आम जनता की सुरक्षा और यातायात व्यवस्था हमारी सर्वोच्च प्राथमिकता है। दोषियों पर सख्त कार्रवाई होगी।”

Maa RamPyari Hospital

Telegram channel

अवैध पार्किंग और भीड़भाड़ वाले इलाके में अभियान
बैठक में तय किया गया कि बाजार और भीड़-भाड़ वाले इलाकों में विशेष अभियान चलाया जाएगा। अवैध पार्किंग, सड़क किनारे ठेला-खोमचा लगाने और अतिक्रमण पर कार्रवाई की जाएगी। इसके अलावा स्थानीय लोगों को यातायात नियमों का पालन करने के लिए जागरूक किया जाएगा।

resizone elanza

समीक्षा बैठकें और सामुदायिक पुलिसिंग
थाना स्तर पर नियमित समीक्षा बैठकें आयोजित की जाएंगी, जिसमें अपराध नियंत्रण और यातायात व्यवस्था की प्रगति की जांच की जाएगी। गश्ती दलों की गतिविधियों की निगरानी की जाएगी और किसी भी प्रकार की ढिलाई बर्दाश्त नहीं की जाएगी।

साथ ही पुलिस ने सामुदायिक पुलिसिंग पर जोर दिया। स्थानीय दुकानदारों, वाहन चालकों और आम नागरिकों के साथ संवाद स्थापित कर उनकी समस्याओं का समाधान किया जाएगा।

जनता से सहयोग की अपील
अंत में पुलिस अधीक्षक ने नागरिकों से अपील की कि किसी भी आपराधिक गतिविधि की सूचना तुरंत पुलिस को दें, ताकि समय रहते कार्रवाई की जा सके।

इस बैठक के बाद जिले में सुरक्षा व्यवस्था और यातायात नियंत्रण को लेकर पुलिस का रुख सख्त हो गया है। नागरिकों को उम्मीद है कि इन कदमों से न केवल जाम की समस्या में राहत मिलेगी बल्कि अपराध पर भी काबू पाया जाएगा।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *