रांची में गैंग का दुस्साहस: अस्पताल गेट पर फायरिंग, शोरूम मालिक को धमकी

Rahul Singh Gang

रांची : रांची में संगठित अपराध का साया फिर गहरा गया है। राहुल सिंह गैंग के नाम से जुड़ी एक सनसनीखेज घटना में बीआईटी मेसरा ओपी क्षेत्र स्थित विकास चौक के पास एक अस्पताल गेट पर बाइक सवार अपराधी ने ताबड़तोड़ फायरिंग कर दहशत फैला दी। गनीमत रही कि इस गोलीबारी में कोई हताहत नहीं हुआ, लेकिन इलाके में अफरा-तफरी मच गई।

पुलिस के मुताबिक, वारदात बुधवार शाम करीब 5 बजे हुई। एक युवक बाइक से अस्पताल के बाहर पहुंचा और अचानक हवाई फायरिंग करने लगा। फायरिंग के तुरंत बाद आरोपी रामगढ़ रोड की दिशा में फरार हो गया। पूरी घटना आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों में कैद हो गई है, जिसके आधार पर पुलिस जांच आगे बढ़ा रही है।

क्या है पूरा मामला
BIT Mesra ओपी क्षेत्र में स्थित विकास हॉस्पिटल के बाहर की गई इस फायरिंग को पुलिस रंगदारी से जोड़कर भी देख रही है। हालांकि अस्पताल प्रबंधन ने किसी भी गैंग से धमकी या रंगदारी मांग की बात से इनकार किया है।

रांची सदर डीएसपी संजीव बेसरा ने बताया कि घटना की जांच चल रही है और आसपास के सभी सीसीटीवी फुटेज खंगाले जा रहे हैं। पुलिस ने इलाके की घेराबंदी कर संदिग्धों की तलाश तेज कर दी है।

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सीसीटीवी में कैद हुई वारदात
फुटेज में साफ दिख रहा है कि बाइक सवार युवक कुछ सेकंड के लिए रुका, फिर हथियार निकालकर फायरिंग की और तेजी से भाग निकला। पुलिस यह भी पता लगाने की कोशिश कर रही है कि आरोपी अकेला था या उसके साथ कोई और भी मौजूद था।

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असली निशाना कौन?
सूत्रों के अनुसार, फायरिंग अस्पताल के गेट पर की गई, लेकिन धमकी अस्पताल को नहीं बल्कि उसके बगल में स्थित एक कार शोरूम के मालिक को दी गई थी। सोशल मीडिया पर जारी एक कथित “प्रेस रिलीज़” में राहुल सिंह गैंग की ओर से शोरूम संचालक को चेतावनी दी गई है कि यदि “मैनेज” नहीं किया गया तो अगली बार हमला सीधे परिवार पर होगा।

इस कथित संदेश में यह भी दावा किया गया है कि गैंग के पास रांची से लेकर पलामू और पटना तक की जानकारी है और बड़े हथियारों से वारदात को अंजाम देने की धमकी दी गई है। पुलिस इस वायरल संदेश की सत्यता की भी जांच कर रही है।

पुलिस के लिए बढ़ती चुनौती
रांची में रंगदारी और गैंगवार की घटनाएं पुलिस के लिए गंभीर चुनौती बनती जा रही हैं। खुलेआम फायरिंग कर दहशत फैलाने की यह कोशिश साफ संकेत देती है कि अपराधी मनोवैज्ञानिक दबाव बनाने की रणनीति अपना रहे हैं।

फिलहाल पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है और तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर आरोपियों की पहचान करने में जुटी है। अधिकारियों का दावा है कि जल्द ही अपराधियों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा।

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