8वां वेतन आयोग: ₹18,000 से ₹69,000 सैलरी का प्रस्ताव, कर्मचारियों में उत्साह
3.83 फिटमेंट फैक्टर और 6% सालाना वृद्धि की मांग, लाखों कर्मचारियों को मिल सकता फायदा
मुनादी लाइव : नई दिल्ली से सरकारी कर्मचारियों और पेंशनभोगियों के लिए बड़ी खबर सामने आई है। नेशनल काउंसिल ऑफ जॉइंट कंसल्टेटिव मशीनरी ने 8वें वेतन आयोग के सामने एक अहम प्रस्ताव रखा है, जिसमें न्यूनतम वेतन में भारी बढ़ोतरी की मांग की गई है। इस प्रस्ताव के अनुसार, अगर सरकार इसे स्वीकार कर लेती है तो मौजूदा ₹18,000 की न्यूनतम सैलरी बढ़कर सीधे ₹69,000 तक पहुंच सकती है।
फिटमेंट फैक्टर बना सबसे बड़ा मुद्दा
इस प्रस्ताव का सबसे अहम हिस्सा 3.83 फिटमेंट फैक्टर है। फिटमेंट फैक्टर वह फॉर्मूला होता है जिससे कर्मचारियों की बेसिक सैलरी तय होती है। यदि यह लागू होता है, तो कर्मचारियों की सैलरी में लगभग 3.8 गुना तक की बढ़ोतरी संभव है, जो अब तक के सबसे बड़े वेतन सुधारों में से एक मानी जा रही है।
परिवार के नए मॉडल पर जोर
यूनियनों ने वेतन निर्धारण के लिए एक नया “पांच-इकाई मॉडल” भी प्रस्तावित किया है। अब तक सरकार तीन सदस्यों वाले परिवार के आधार पर वेतन तय करती थी, लेकिन अब कर्मचारी, उसकी पत्नी, दो बच्चे और बुजुर्ग माता-पिता को शामिल करने की बात कही गई है। इसका तर्क यह है कि आज के समय में महंगाई, शिक्षा और स्वास्थ्य खर्च को देखते हुए पुराना मॉडल व्यावहारिक नहीं रह गया है।
अन्य बड़ी मांगें भी शामिल
सिर्फ बेसिक सैलरी ही नहीं, बल्कि कई अन्य लाभों को लेकर भी प्रस्ताव दिया गया है। इसमें सालाना इंक्रीमेंट को 3% से बढ़ाकर 6% करने की मांग शामिल है। इसके अलावा प्रमोशन पर दो अतिरिक्त इंक्रीमेंट और न्यूनतम ₹10,000 का फायदा सुनिश्चित करने की बात कही गई है। रिटायरमेंट के समय मिलने वाली ग्रेच्युटी को बढ़ाने का भी प्रस्ताव रखा गया है, जिससे कर्मचारियों को लंबी अवधि में अधिक सुरक्षा मिल सके।
किसे मिलेगा फायदा?
इन प्रस्तावों का सीधा असर देशभर के लगभग 50 लाख सरकारी कर्मचारियों और 65 लाख पेंशनभोगियों पर पड़ सकता है। बताया जा रहा है कि 8वें वेतन आयोग का गठन नवंबर 2025 में किया गया है और इसे अपनी रिपोर्ट देने के लिए 18 महीने का समय मिला है।
कब लागू हो सकता है नया वेतन?
संभावना जताई जा रही है कि नया वेतन ढांचा 1 जनवरी 2026 से लागू किया जा सकता है। अगर रिपोर्ट में देरी होती है, तो कर्मचारियों को एरियर (बकाया राशि) का भी लाभ मिल सकता है।
अभी प्रस्ताव, अंतिम फैसला बाकी
हालांकि यह ध्यान रखना जरूरी है कि यह अभी केवल एक प्रस्ताव है। अंतिम निर्णय केंद्र सरकार को लेना है। विशेषज्ञों का मानना है कि भले ही ₹69,000 की पूरी मांग स्वीकार न की जाए, लेकिन कर्मचारियों को एक अच्छा वेतन वृद्धि पैकेज जरूर मिल सकता है।
8वें वेतन आयोग को लेकर आए इस प्रस्ताव ने सरकारी कर्मचारियों में नई उम्मीद जगा दी है। अगर यह लागू होता है, तो यह देश के लाखों कर्मचारियों के जीवन स्तर में बड़ा बदलाव ला सकता है।








