Ranchi Drug Crackdown: SSP राकेश रंजन का वार मोड एक्शन, नशे के खिलाफ बड़ा अभियान
रांची में नशे के खिलाफ पुलिस ‘वार मोड’ में
रांची: राजधानी रांची में तेजी से फैल रहे नशे के अवैध कारोबार पर अब पुलिस ने कड़ा रुख अपना लिया है। शहर में ड्रग्स नेटवर्क को जड़ से खत्म करने के लिए पुलिस ‘वार मोड’ में नजर आ रही है। इस अभियान की कमान वरीय पुलिस अधीक्षक राकेश रंजन ने खुद संभाल ली है और जिले के सभी अधिकारियों के साथ एक अहम समीक्षा बैठक कर व्यापक रणनीति तैयार की गई है।
बैठक में शहर और ग्रामीण क्षेत्र के पुलिस अधिकारी, यातायात पुलिस, कोतवाली एएसपी, डीएसपी और सभी थाना प्रभारी शामिल हुए। इस दौरान कानून-व्यवस्था को मजबूत करने और अपराध पर प्रभावी नियंत्रण के लिए कई महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए। एसएसपी ने साफ निर्देश दिया कि शहर में नशे के कारोबार से जुड़े सभी हॉटस्पॉट्स को चिन्हित कर वहां लगातार छापेमारी की जाए। पुलिस अब ऐसे इलाकों पर विशेष नजर रखेगी, जहां से ड्रग्स सप्लाई और खपत की शिकायतें लगातार मिल रही हैं।
नशे के खिलाफ इस अभियान का सबसे अहम पहलू यह है कि अब केवल सप्लायर ही नहीं, बल्कि नेटवर्क से जुड़े हर छोटे-बड़े लिंक पर कार्रवाई की जाएगी। खास तौर पर एनडीपीएस एक्ट के तहत दर्ज मामलों में जेल से बाहर आए आरोपियों की गतिविधियों पर कड़ी निगरानी रखने के निर्देश दिए गए हैं। पुलिस यह सुनिश्चित करना चाहती है कि ऐसे अपराधी दोबारा इस अवैध कारोबार में सक्रिय न हो सकें।

इसके साथ ही शहर के सार्वजनिक स्थलों पर भी पुलिस की मौजूदगी बढ़ाई जाएगी। मंदिरों, पार्कों, खेल मैदानों और अन्य भीड़भाड़ वाले इलाकों में गश्त तेज करने का आदेश दिया गया है। इन जगहों पर अक्सर नशाखोरी और अड्डेबाजी की शिकायतें सामने आती रही हैं। अब पुलिस ऐसे स्थानों पर नियमित चेकिंग और निगरानी के जरिए इस प्रवृत्ति पर रोक लगाने की तैयारी में है।
बैठक में आदतन अपराधियों के खिलाफ भी सख्त कार्रवाई पर जोर दिया गया। एसएसपी ने निर्देश दिया कि ऐसे अपराधियों की सूची तैयार कर उनके खिलाफ सीसीए (क्रिमिनल कंट्रोल एक्ट) के तहत प्रस्ताव जल्द भेजे जाएं। इसका मकसद यह है कि शहर में सक्रिय अपराधियों पर कानूनी शिकंजा और मजबूत किया जा सके।
महिलाओं से जुड़े अपराधों को लेकर भी पुलिस ने संवेदनशील रुख अपनाने का निर्देश दिया है। एसएसपी ने स्पष्ट कहा कि महिला सुरक्षा से जुड़े मामलों में किसी भी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी और हर मामले में त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। इसके लिए थाना स्तर पर विशेष निगरानी और जवाबदेही तय करने की बात भी कही गई है।
इस पूरे अभियान का उद्देश्य केवल अपराधियों को पकड़ना ही नहीं, बल्कि शहर में कानून-व्यवस्था को स्थायी रूप से मजबूत करना है। पुलिस अब टेक्नोलॉजी और इंटेलिजेंस इनपुट्स का भी ज्यादा इस्तेमाल करेगी, ताकि अपराधियों तक जल्दी पहुंचा जा सके। साथ ही आम लोगों से भी सहयोग की अपील की गई है, ताकि संदिग्ध गतिविधियों की सूचना समय पर मिल सके।
कुल मिलाकर, रांची पुलिस का यह ‘वार मोड’ अभियान यह संकेत देता है कि अब नशे के अवैध कारोबार के खिलाफ जीरो टॉलरेंस की नीति अपनाई जा रही है। आने वाले दिनों में इस अभियान के असर से शहर में अपराध पर अंकुश लगने की उम्मीद जताई जा रही है।






