राज्यसभा में पीएम मोदी का पलटवार: “मोहब्बत की दुकान या नफरत की राजनीति?”
नई दिल्ली : राज्यसभा में राष्ट्रपति के अभिभाषण पर धन्यवाद प्रस्ताव का जवाब देते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने विपक्ष पर तीखा हमला बोला। बिना किसी का नाम लिए उन्होंने उन नारों पर सवाल उठाए जिनमें “मोदी तेरी कब्र खुदेगी” जैसे शब्दों का इस्तेमाल किया गया।
पीएम मोदी ने कहा कि उनके खिलाफ लगातार एक अभियान चलाया जा रहा है। उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि एक तरफ “मोहब्बत की दुकान” खोलने की बात होती है और दूसरी तरफ किसी की “कब्र खोदने” जैसे नारे लगाए जाते हैं।
“ये मोहब्बत की दुकान कैसी?”
प्रधानमंत्री ने कहा,
“हम विकसित भारत की नींव रख रहे हैं, और कुछ लोग मोदी की कब्र खोदने के कार्यक्रम चला रहे हैं। ये कैसी मोहब्बत की दुकान है जो देश के एक नागरिक की कब्र खोदने की बात करती है?”
उन्होंने यह भी सवाल उठाया कि क्या इस तरह के नारे लगाना संविधान और लोकतांत्रिक मर्यादाओं के खिलाफ नहीं है।
“25 साल से गालियां सुन रहा हूं”
पीएम मोदी ने कहा कि साल 2002 से लेकर अब तक संसद का शायद ही कोई सत्र ऐसा गया हो, जब उन्हें निशाना न बनाया गया हो।
उन्होंने हल्के अंदाज में कहा,
“मुझसे किसी ने पूछा स्वास्थ्य का राज क्या है, मैंने कहा रोज दो किलो गालियां खाता हूं।”
नीतियों का हवाला देकर विपक्ष पर वार
प्रधानमंत्री ने कहा कि कुछ लोगों को इसलिए परेशानी है क्योंकि सरकार ने बड़े फैसले लिए हैं। उन्होंने अनुच्छेद 370 हटाने, आतंकवाद और माओवाद के खिलाफ कार्रवाई, सीमाई सुरक्षा और विकास योजनाओं का जिक्र किया। उन्होंने कहा कि जब सरकार देशहित में कठोर फैसले लेती है, तो कुछ लोगों को तकलीफ होती है और वे व्यक्तिगत हमलों का सहारा लेते हैं।
कांग्रेस पर सीधा तंज
कांग्रेस पर निशाना साधते हुए पीएम मोदी ने कहा कि जो लोग “मोहब्बत की दुकान” की बात करते हैं, वही नफरत भरे नारे लगाते हैं। उन्होंने यह भी कहा कि उनकी सरकार किसी एक परिवार या रिमोट से नहीं, बल्कि 140 करोड़ देशवासियों की ताकत से चलती है।
सदन में गरमाया माहौल
पीएम के इस बयान के दौरान सदन का माहौल कुछ समय के लिए काफी गरम हो गया। सत्ता पक्ष के सांसदों ने मेज थपथपाकर समर्थन जताया, जबकि विपक्षी दलों की ओर से भी प्रतिक्रिया देखने को मिली।
राज्यसभा में दिया गया यह भाषण आने वाले दिनों में राजनीतिक बयानबाजी का बड़ा विषय बन सकता है।






