...

दलित युवक की चाकू मारकर हत्या, शादी में खाना खाने जा रहे थे दो भाई

गोपालगंज दलित हमला

गोपालगंज/बिहार,19 अप्रैल 2025 : ये घटना सिर्फ एक हत्या नहीं, बल्कि समाज में जहर बन चुके भेदभाव की वो कड़वी तस्वीर है, जिसे हम 21वीं सदी के भारत में भी देख रहे हैं। बिहार के गोपालगंज जिले से दिल दहला देने वाली खबर सामने आई है, जहां शादी समारोह में खाना खाने जा रहे दो दलित भाइयों पर चाकू से हमला कर दिया गया। इस बर्बर हमले में एक भाई की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि दूसरा जिंदगी और मौत से जूझ रहा है।

गोपालगंज जिले के कटेया थाना क्षेत्र स्थित मुजहां गांव में शुक्रवार की रात हुई एक दर्दनाक और शर्मनाक घटना ने पूरे इलाके को हिला दिया। सिकंदर कुमार और उसका भाई धर्मेन्द्र कुमार गांव के ही एक शादी समारोह में आमंत्रित थे। दोनों सिर्फ खाना खाने जा रहे थे… लेकिन रास्ते में ऐसा कुछ हुआ जिसकी किसी को उम्मीद नहीं थी।

गांव के ही दूसरे समुदाय के कुछ युवकों ने दोनों भाइयों को रास्ते में रोक लिया… और देखते ही देखते चाकुओं से ताबड़तोड़ हमला कर दिया। मृतक के भाई धर्मेन्द्र कुमार, ने बताया कि हम लोग शादी में खाना खाने जा रहे थे, रास्ते में रोक के हमला कर दिया… कुछ समझ में ही नहीं आया… भाई को बचा नहीं सका। हमले में सिकंदर कुमार की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि धर्मेन्द्र गंभीर रूप से घायल हो गया। उसे आनन-फानन में गोपालगंज सदर अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उसकी हालत गंभीर बनी हुई है।

घटना के बाद परिवार का रो-रोकर बुरा हाल है। परिजनों का आरोप है कि हमलावरों की नीयत पहले से खराब थी और जातिगत द्वेष की वजह से इस हमले को अंजाम दिया गया।

Maa RamPyari Hospital

Telegram channel

सवाल ये है कि क्या सिर्फ दलित होने की सजा इतनी बड़ी हो सकती है कि एक की जान चली जाए और दूसरा अस्पताल में जिंदगी की जंग लड़ रहा हो? क्या समाज आज भी जाति के चश्मे से इंसान को देखता है?

resizone elanza

मुनादी लाइव यह सवाल सरकार, प्रशासन और समाज तीनों से पूछता है कि कब तक ऐसे हमले होते रहेंगे? और क्या अब भी इसे संयोग मानकर भुला दिया जाएगा या न्याय मिलेगा?”

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *