सोमा मुंडा हत्याकांड: देवब्रत शाहदेव की गिरफ्तारी के विरोध में पालकोट में प्रतिवाद मार्च
गुमला: खूंटी में आदिवासी नेता सोमा मुंडा हत्याकांड से जुड़े मामले में लाल देवब्रत नाथ शाहदेव की गिरफ्तारी के विरोध में गुमला जिले के पालकोट प्रखंड में जनाक्रोश देखने को मिला। रविवार को सैकड़ों की संख्या में ग्रामीण सड़क पर उतरे और प्रतिवाद मार्च निकालते हुए पुलिस कार्रवाई पर सवाल खड़े किए।
प्रतिवाद मार्च के दौरान प्रदर्शनकारियों ने पुलिस प्रशासन हाय-हाय, खूंटी पुलिस होश में आओ, पुलिस की मनमानी नहीं चलेगी, और राजा साहेब को रिहा करो जैसे नारे लगाए। मार्च में बड़ी संख्या में महिलाएं, पुरुष और युवा शामिल हुए। पूरे क्षेत्र में विरोध प्रदर्शन को लेकर काफी हलचल का माहौल रहा।
ग्रामीणों का आरोप: “फर्जी तरीके से गिरफ्तार किया गया”
प्रदर्शनकारियों का आरोप है कि देवब्रत शाहदेव को साजिश के तहत फर्जी मामले में गिरफ्तार किया गया है। ग्रामीणों ने कहा कि पुलिस असली हत्यारों तक पहुंचने की बजाय निर्दोष लोगों को निशाना बना रही है।
ग्रामीणों ने मांग की कि सोमा मुंडा के वास्तविक हत्यारों को जल्द गिरफ्तार किया जाए, साथ ही देवब्रत शाहदेव को तत्काल रिहा किया जाए। लोगों ने यह भी कहा कि देवब्रत शाहदेव हमेशा गरीबों, असहायों और समाज के जरूरतमंद वर्ग की मदद करते रहे हैं, इसलिए उन पर लगाए गए आरोप स्वीकार्य नहीं हैं।
“राजा साहेब गरीबों की आवाज रहे हैं”
मार्च में शामिल लोगों ने देवब्रत शाहदेव को “राजा साहेब” कहकर संबोधित किया और कहा कि वे समाज के लिए प्रेरणा हैं। ग्रामीणों का कहना था कि जो राजपरिवार मुंडा समाज को बड़ा भाई मानता है, वह जमीन विवाद में हत्या जैसे अपराध की कल्पना तक नहीं कर सकता।
मंगल मुंडा का दावा: “45 हजार एकड़ जमीन दान कर चुके हैं”
प्रदर्शन के दौरान मंगल मुंडा ने कहा कि राजा साहेब अब तक करीब 45 हजार एकड़ जमीन दान कर चुके हैं। उन्होंने कहा कि मात्र तीन एकड़ जमीन के लिए हत्या कराने का आरोप पूरी तरह बेबुनियाद और हास्यास्पद है। मंगल मुंडा ने देवब्रत शाहदेव को निर्दोष बताते हुए उनकी अविलंब रिहाई की मांग की।
मन्नू साहू की चेतावनी: “पालकोट से खूंटी तक पैदल मार्च होगा”
वहीं मन्नू साहू ने आरोप लगाया कि खूंटी पुलिस ने साजिश के तहत देवब्रत शाहदेव की गिरफ्तारी की है। उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि यदि राजा साहेब को जल्द रिहा नहीं किया गया तो पालकोट से खूंटी तक पैदल मार्च निकाला जाएगा।
इसके साथ ही उन्होंने आगे कहा कि मांगों पर ध्यान नहीं देने की स्थिति में मुख्यमंत्री आवास का घेराव भी किया जाएगा।
महिलाओं ने भी उठाई आवाज
प्रदर्शन में शामिल महिलाओं ने भी देवब्रत शाहदेव के समर्थन में एकजुटता दिखाई। महिलाओं का कहना था कि राजा साहेब ने स्कूल, कॉलेज और खेल मैदान के लिए हजारों एकड़ जमीन दान दी है।
उनका दावा है कि राजा साहेब गरीबों के इलाज, बच्चों की पढ़ाई और बेटियों की शादी में हमेशा मदद करते रहे हैं, इसलिए उन्हें हत्या के मामले में घसीटना गलत है।
आंदोलन तेज होने के संकेत
ग्रामीणों ने साफ कहा कि यदि देवब्रत शाहदेव को जल्द रिहा नहीं किया गया तो आंदोलन को और व्यापक रूप दिया जाएगा। पालकोट क्षेत्र में यह प्रतिवाद मार्च प्रशासन के लिए बड़ी चुनौती के रूप में देखा जा रहा है।






