रांची में जमीन जालसाजों पे कसेगा शिकंजा , सात आईपीएस अधिकारी की एसआईटी टीम हुई गठित।

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डीजीपी अनुराग गुप्ता के निर्देश पे रांची में हो रही आए दिन जमीन संबंधी धोखाधड़ी की जांच के लिए स्पेशल टीम का गठन किया गया है. एसआईटी टीम में सात आईपीएस अधिकारियों को शामिल किया गया है, जो रांची में फर्जी दस्तावेजों द्वारा जालसाजी और जमीन पर जबरन कब्जा करने जैसे मामलों की जांच करेंगे.
स्पेशल इन्वेस्टिगेशन टीम जमीन के फर्जी कागजात तैयार कर या बल प्रयोग कर जमीन पर अवैध कब्जा करने से जुड़े मामलों की सिरसिरे वार जांच करेगी. स्पेशल टीम में सात आईपीएस अधिकारियों को शामिल किया गया है.

डीजीपी कार्यालय की ओर से मिली जानकारी के अनुसार सीआईडी ​​आईजी सुदर्शन मंडल स्पेशल इन्वेस्टिगेशन की पूरी टीम का नेतृत्व करेंगे. जबकि जैप डीआईजी मयूर पटेल, विशेष शाखा डीआईजी कार्तिक एस, सीआईडी ​​डीआईजी संध्या रानी मेहता, एटीएस एसपी ऋषभ कुमार झा, सीआईडी ​​एसपी अनुरंजन किस्पोट्टा और सीआईडी ​​एएसपी दीपक कुमार को सदस्य के रूप में शामिल किया गया है.

क्या होगी एसआईटी टीम की प्राथमिकता

डीजीपी के निर्देश के अनुसार, एसआईटी टीम रांची जिले में अब तक दर्ज जमीन से जुड़े सभी महत्वपूर्ण आपराधिक मामलों की पूर्ण समीक्षा करेगी. जिन मामलों पर चार्जशीट दाखिल हो चुकी है , उन्हें भी जांच के दायरे में रखा गया है. इन कांडो में स्पेशल टीम यह जांच करेगी कि जालसाजी करने वाले आरोपियों के खिलाफ अबतक क्या कार्रवाई हुई है या किसी निर्दोष को तो नहीं फंसाया गया है. वहीं लैंड सैक्म से जुड़े जिन मामलों में कोई आपराधिक मामला दर्ज नहीं हो पाया है, स्पेशल टीम उन पर आपराधिक मामला दर्ज कर जांच करेगी.

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इस मामले में रांची जिले के सभी पुलिस अधिकारियों को निर्देश दिया गया है कि वे स्पेशल टीम को पूरी मदद करें और सारी जानकारी कमेटी को उपलब्ध कराएं. स्पेशल टीम जमीन जालसाजो की टीम में शामिल सरकारी और गैर सरकारी कर्मचारियों की भी पहचान कर कारवाई करेंगी।

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दागी अधिकारियों , अफसरों की भी बनेगी सूची

एसआईटी टीम पुलिस अधिकारियों से राजधानी रांची में फर्जी जमीन हस्तांतरण और उसके हस्तांतरण में शामिल लोगों की सूची भी एकत्र करेगी. जमीन पर कब्जा करने के लिए बल प्रयोग करने वाले बाहुबली लोगों के नाम, उनकी संपत्ति से संबंधित ब्योरा की सूची तैयार की जाएगी. वहीं अगर जमीन हड़पने में किसी थानेदार या अन्य पुलिस कर्मियों की संलिप्तता पाई जाती है, तो उनके विरुद्ध भी कार्रवाई की जाएगी।

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