धनबाद हनीट्रैप कांड: सोशल मीडिया से फंसाया, वीडियो बनाकर 4 लाख की वसूली
लोयाबाद में गिरोह का खुलासा, महिला गिरफ्तार, कई आरोपी फरार
धनबाद: झारखंड के धनबाद जिले से एक बार फिर चौंकाने वाला हनीट्रैप का मामला सामने आया है, जिसने पूरे इलाके में सनसनी फैला दी है। लोयाबाद थाना क्षेत्र में सक्रिय एक गिरोह ने सोशल मीडिया के जरिए एक व्यवसायी को अपने जाल में फंसाकर न केवल उसकी इज्जत दांव पर लगा दी, बल्कि उससे लाखों रुपये भी ऐंठ लिए। इस पूरे मामले में पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए मुख्य आरोपी महिला को गिरफ्तार कर लिया है, जबकि गिरोह के अन्य सदस्यों की तलाश जारी है।
सोशल मीडिया से शुरू हुआ जाल, फिर बना ब्लैकमेल का हथियार
जानकारी के अनुसार, सरायढेला निवासी एक व्यवसायी की पहचान सोशल मीडिया के माध्यम से एक महिला से हुई थी। धीरे-धीरे दोनों के बीच बातचीत बढ़ी और महिला ने विश्वास जीतते हुए उसे मिलने के लिए अपने घर बुलाया। 28 अप्रैल को महिला ने उसे लोयाबाद स्थित अपने घर आने का निमंत्रण दिया। व्यवसायी जब वहां पहुंचा, तो उसे अंदाजा भी नहीं था कि वह एक सुनियोजित साजिश का शिकार बनने जा रहा है।
नशीला पदार्थ देकर बेहोश, फिर बनाया आपत्तिजनक वीडियो
आरोप है कि महिला और उसके साथियों ने व्यवसायी को नशीला पदार्थ देकर बेहोश कर दिया। इसके बाद उसे एक युवती के साथ आपत्तिजनक स्थिति में दिखाकर वीडियो बनाया गया। यह वीडियो ही बाद में ब्लैकमेलिंग का सबसे बड़ा हथियार बना। कुछ ही देर में गिरोह के अन्य सदस्य वहां पहुंचे और व्यवसायी को वीडियो वायरल करने की धमकी देकर डराना शुरू कर दिया।
10 लाख की मांग, 4 लाख की वसूली
डरे-सहमे व्यवसायी से गिरोह ने 10 लाख रुपये की मांग की। हालांकि, तत्काल दबाव में उसने करीब 4 लाख रुपये दे दिए। लेकिन यहीं बात खत्म नहीं हुई। आरोपियों ने उसके बैंक खाते से ऑनलाइन ट्रांजैक्शन के जरिए पैसे निकाले और उसके गहने भी लूट लिए। इस पूरी घटना ने यह साफ कर दिया कि गिरोह काफी संगठित तरीके से काम कर रहा था और पहले से ही योजना बनाकर लोगों को निशाना बना रहा था।
गिरोह में कई युवक-युवतियां शामिल
पुलिस जांच में सामने आया है कि यह कोई एक व्यक्ति का काम नहीं था, बल्कि इसमें कई युवक-युवतियां शामिल हैं। यह गिरोह सोशल मीडिया के जरिए लोगों को फंसाता था और फिर इसी तरह उन्हें ब्लैकमेल कर पैसे ऐंठता था। पुलिस ने इस मामले में महिला के पति समेत अन्य आरोपियों को नामजद किया है और उनकी गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी की जा रही है।
पहले भी जेल जा चुकी है आरोपी
जांच के दौरान यह भी पता चला है कि गिरफ्तार महिला पहले भी इस तरह के मामलों में जेल जा चुकी है। इससे यह संकेत मिलता है कि यह गिरोह लंबे समय से सक्रिय था और कई लोगों को अपना शिकार बना चुका हो सकता है।
पुलिस की सख्त कार्रवाई और चेतावनी
लोयाबाद थाना प्रभारी टीकू प्रसाद ने बताया कि मुख्य आरोपी महिला को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया है और अन्य आरोपियों की तलाश जारी है। पुलिस ने लोगों से अपील की है कि सोशल मीडिया पर अनजान लोगों से दोस्ती करते समय सावधानी बरतें और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत पुलिस को दें।
धनबाद का यह हनीट्रैप मामला एक बार फिर यह साबित करता है कि डिजिटल दुनिया जितनी सुविधाजनक है, उतनी ही खतरनाक भी हो सकती है। अजनबियों पर भरोसा करना और निजी जानकारी साझा करना कई बार भारी पड़ सकता है। इस घटना से सीख लेते हुए लोगों को सतर्क रहना होगा, ताकि वे ऐसे जाल में फंसने से बच सकें। पुलिस की कार्रवाई से गिरोह का एक हिस्सा जरूर बेनकाब हुआ है, लेकिन पूरी सच्चाई सामने आने के लिए जांच अभी जारी है।






