कौन हैं शक्तिकांत दास? RBI के पूर्व गवर्नर रह चुके हैं, मोदी कैबिनेट में मिल सकती है बड़ी जिम्मेदारी
नई दिल्ली: केंद्र सरकार में संभावित कैबिनेट फेरबदल की चर्चाओं के बीच एक नाम सबसे ज्यादा सुर्खियों में है—शक्तिकांत दास। राजनीतिक गलियारों में चर्चा है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी अपनी टीम में बड़ा बदलाव कर सकते हैं और पूर्व RBI गवर्नर शक्तिकांत दास को अहम जिम्मेदारी दी जा सकती है। कुछ मीडिया रिपोर्ट्स में उन्हें वित्त मंत्री बनाए जाने की भी अटकलें लगाई जा रही हैं। हालांकि, सरकार या भाजपा की ओर से इस संबंध में कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है।
कौन हैं शक्तिकांत दास?
शक्तिकांत दास देश के सबसे अनुभवी नौकरशाहों में गिने जाते हैं। उनका जन्म 26 फरवरी 1957 को ओडिशा के भुवनेश्वर में हुआ था। वह 1980 बैच के तमिलनाडु कैडर के IAS अधिकारी रहे हैं। उन्होंने दिल्ली विश्वविद्यालय से इतिहास में स्नातक और परास्नातक की पढ़ाई की। अपने चार दशक से अधिक लंबे प्रशासनिक करियर में उन्होंने केंद्र और राज्य सरकार में कई महत्वपूर्ण जिम्मेदारियां संभालीं।
नोटबंदी और GST लागू कराने में निभाई अहम भूमिका
शक्तिकांत दास उस समय आर्थिक मामलों के सचिव (Economic Affairs Secretary) थे, जब 2016 में देश में नोटबंदी लागू की गई थी। इसके अलावा वस्तु एवं सेवा कर (GST) लागू करने की प्रक्रिया में भी उन्होंने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी। उनकी पहचान एक ऐसे अधिकारी के रूप में रही है, जिन्होंने आर्थिक सुधारों से जुड़े कई बड़े फैसलों को लागू कराने में सरकार की मदद की।
RBI गवर्नर के तौर पर चुनौतीपूर्ण कार्यकाल
दिसंबर 2018 में उन्हें भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) का 25वां गवर्नर नियुक्त किया गया। उनके कार्यकाल के दौरान देश ने कोविड-19 महामारी जैसी अभूतपूर्व आर्थिक चुनौती का सामना किया। उन्होंने बैंकिंग व्यवस्था में तरलता बनाए रखने, ब्याज दरों के प्रबंधन, डिजिटल भुगतान को बढ़ावा देने और अर्थव्यवस्था को स्थिर रखने के लिए कई अहम फैसले लिए। उनके नेतृत्व में RBI ने महामारी के दौरान कई राहत पैकेज और नीतिगत कदम उठाए।
प्रधानमंत्री कार्यालय में भी संभाल रहे हैं बड़ी जिम्मेदारी
RBI से सेवानिवृत्त होने के बाद फरवरी 2025 में शक्तिकांत दास को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का प्रधान सचिव (Principal Secretary) नियुक्त किया गया। यह नियुक्ति इस बात का संकेत मानी गई कि सरकार अब भी उनकी प्रशासनिक और आर्थिक विशेषज्ञता पर भरोसा करती है।
क्यों हो रही है वित्त मंत्री बनाए जाने की चर्चा?
दिल्ली के राजनीतिक गलियारों में इन दिनों केंद्रीय मंत्रिमंडल में संभावित फेरबदल की चर्चा तेज है। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, यदि कैबिनेट विस्तार होता है तो शक्तिकांत दास को केंद्रीय मंत्रिमंडल में शामिल किया जा सकता है। कुछ रिपोर्ट्स में यह भी दावा किया गया है कि उन्हें वित्त मंत्रालय की जिम्मेदारी दी जा सकती है, जबकि वर्तमान वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण के विभाग में बदलाव की संभावना जताई जा रही है। हालांकि इन दावों की कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है और फिलहाल इन्हें केवल अटकलों के तौर पर ही देखा जाना चाहिए।
शक्तिकांत दास की प्रमुख उपलब्धियां
- 1980 बैच के IAS अधिकारी (तमिलनाडु कैडर)
- पूर्व आर्थिक मामलों के सचिव
- पूर्व राजस्व सचिव
- नोटबंदी और GST लागू कराने में अहम भूमिका
- भारत के G20 शेरपा रह चुके हैं
- 15वें वित्त आयोग के सदस्य रहे
- दिसंबर 2018 से दिसंबर 2024 तक RBI के गवर्नर रहे
- फरवरी 2025 से प्रधानमंत्री के प्रधान सचिव के रूप में कार्यरत
- अंतरराष्ट्रीय स्तर पर “Central Banker of the Year” सहित कई सम्मान प्राप्त कर चुके हैं।
क्या कहते हैं राजनीतिक संकेत?
कैबिनेट विस्तार और मंत्रालयों में बदलाव को लेकर चर्चाएं जरूर तेज हैं, लेकिन केंद्र सरकार की ओर से अभी तक किसी भी बदलाव की आधिकारिक घोषणा नहीं की गई है। ऐसे में शक्तिकांत दास को वित्त मंत्री बनाए जाने की खबरों की पुष्टि तब तक नहीं की जा सकती, जब तक सरकार औपचारिक ऐलान न करे।






