NEET PG 2026: एक ही शिफ्ट में होगी परीक्षा, घर के पास मिलेगा सेंटर
पेपर लीक से सबक के बाद NTA ने सुरक्षा पर खर्च किए 7.5 करोड़ रुपये
नई दिल्ली: मेडिकल पोस्टग्रेजुएट (NEET PG) परीक्षा को लेकर इस बार कई बड़े बदलाव किए जा रहे हैं। पिछले वर्षों में परीक्षा प्रक्रिया और पेपर लीक को लेकर उठे विवादों के बाद सरकार और नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) ने परीक्षा को अधिक पारदर्शी, सुरक्षित और अभ्यर्थी अनुकूल बनाने की दिशा में कई अहम फैसले लिए हैं। अब NEET PG परीक्षा एक ही शिफ्ट में आयोजित की जाएगी। साथ ही, उम्मीदवारों को उनके घर के नजदीक परीक्षा केंद्र उपलब्ध कराने की तैयारी है। इसके अलावा, पेपर लीक जैसी घटनाओं से सबक लेते हुए NTA मुख्यालय की 24 घंटे सुरक्षा व्यवस्था को भी मजबूत किया जा रहा है, जिसके लिए करीब 7.5 करोड़ रुपये का टेंडर जारी किया गया है।
एक शिफ्ट में होगी पूरी परीक्षा
अब तक NEET PG परीक्षा कई बार अलग-अलग शिफ्टों में आयोजित होती रही है। इससे विभिन्न शिफ्टों के प्रश्नपत्रों के कठिनाई स्तर को लेकर लगातार विवाद होते रहे। अभ्यर्थियों का आरोप था कि अलग-अलग शिफ्टों में पेपर का स्तर समान नहीं होता, जिससे परिणाम प्रभावित होते हैं।इन्हीं शिकायतों को देखते हुए इस बार परीक्षा एक ही शिफ्ट में आयोजित करने का निर्णय लिया गया है। इससे सभी अभ्यर्थियों को समान प्रश्नपत्र मिलेगा और परीक्षा की निष्पक्षता पर उठने वाले सवालों को काफी हद तक रोका जा सकेगा।
घर के पास मिलेगा परीक्षा केंद्र
NEET PG अभ्यर्थियों को अब परीक्षा केंद्र के लिए दूसरे राज्यों या सैकड़ों किलोमीटर दूर यात्रा नहीं करनी पड़ेगी। नई व्यवस्था के तहत उम्मीदवारों को उनके निवास स्थान के नजदीक परीक्षा केंद्र आवंटित करने का प्रयास किया जाएगा। इस फैसले से छात्रों को यात्रा, आवास और अन्य खर्चों से राहत मिलेगी। साथ ही परीक्षा वाले दिन लंबी दूरी की यात्रा से होने वाली परेशानी और तनाव भी कम होगा।
पेपर लीक से सबक, सुरक्षा व्यवस्था होगी और मजबूत
देश में विभिन्न प्रतियोगी परीक्षाओं में सामने आए पेपर लीक मामलों के बाद केंद्र सरकार परीक्षा प्रणाली को पूरी तरह सुरक्षित बनाने की दिशा में काम कर रही है। इसी क्रम में NTA ने अपने मुख्यालय की सुरक्षा को अभूतपूर्व स्तर तक मजबूत करने का फैसला किया है। जानकारी के अनुसार, NTA कार्यालय की 24 घंटे निगरानी और सुरक्षा व्यवस्था के लिए करीब 7.5 करोड़ रुपये का टेंडर जारी किया गया है। इसके तहत आधुनिक सुरक्षा उपकरण, डिजिटल निगरानी प्रणाली, प्रशिक्षित सुरक्षा कर्मी और प्रवेश नियंत्रण व्यवस्था लागू की जाएगी।
हर गतिविधि पर रहेगी नजर
नई सुरक्षा व्यवस्था के तहत NTA कार्यालय में आने-जाने वाले प्रत्येक व्यक्ति की निगरानी की जाएगी। संवेदनशील दस्तावेजों तक सीमित पहुंच सुनिश्चित की जाएगी और परीक्षा से जुड़े डेटा की सुरक्षा के लिए अतिरिक्त तकनीकी उपाय लागू किए जाएंगे। इसके अलावा CCTV कैमरों, इलेक्ट्रॉनिक एक्सेस कंट्रोल सिस्टम और अन्य आधुनिक सुरक्षा तकनीकों का भी इस्तेमाल किया जाएगा, ताकि किसी भी प्रकार की अनधिकृत गतिविधि को रोका जा सके।
परीक्षा प्रक्रिया में पारदर्शिता पर विशेष जोर
NTA और स्वास्थ्य मंत्रालय का उद्देश्य केवल परीक्षा कराना नहीं, बल्कि पूरे सिस्टम में छात्रों का विश्वास बहाल करना है। पिछले कुछ वर्षों में NEET UG सहित कई प्रतियोगी परीक्षाओं में सामने आए विवादों के बाद परीक्षा प्रक्रिया को अधिक पारदर्शी और विश्वसनीय बनाने पर विशेष जोर दिया जा रहा है। एक शिफ्ट में परीक्षा आयोजित करने, परीक्षा केंद्र घर के नजदीक देने और सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने जैसे कदम इसी दिशा में महत्वपूर्ण माने जा रहे हैं।

छात्रों को मिलेगी बड़ी राहत
नई व्यवस्था लागू होने से लाखों मेडिकल अभ्यर्थियों को सीधा लाभ मिलने की उम्मीद है। समान प्रश्नपत्र मिलने से मूल्यांकन अधिक निष्पक्ष होगा, जबकि नजदीकी परीक्षा केंद्र मिलने से छात्रों पर आर्थिक और मानसिक दबाव भी कम होगा। विशेषज्ञों का मानना है कि यदि सुरक्षा व्यवस्था प्रभावी ढंग से लागू होती है तो भविष्य में पेपर लीक जैसी घटनाओं की आशंका काफी कम हो सकती है।
भरोसेमंद परीक्षा प्रणाली बनाने की कोशिश
सरकार और NTA का प्रयास है कि देश की सबसे महत्वपूर्ण मेडिकल प्रवेश परीक्षाओं में से एक NEET PG पूरी पारदर्शिता, निष्पक्षता और सुरक्षा के साथ आयोजित हो। इसके लिए तकनीकी और प्रशासनिक दोनों स्तरों पर बदलाव किए जा रहे हैं। आने वाले समय में यदि ये व्यवस्थाएं सफल होती हैं, तो प्रतियोगी परीक्षाओं के संचालन में यह एक नया मानक स्थापित कर सकती हैं।






