JSSC-CGL रद्द होने के बाद प्रोजेक्ट भवन घेरा, बारिश में भी डटे कर्मचारी

Protest following the cancellation of JSSC-CGL

नियुक्ति रद्द करने के फैसले के खिलाफ दूसरे दिन भी प्रदर्शन

कर्मचारियों ने सेवाएं बहाल रखने की मांग तेज की

रांची: झारखंड में JSSC-CGL समेत भर्ती परीक्षाओं को लेकर सरकार के फैसले के बाद चयनित कर्मचारियों का विरोध लगातार तेज होता जा रहा है। राजधानी रांची में बुधवार को दूसरे दिन भी सैकड़ों चयनित कर्मचारी भारी बारिश के बीच प्रोजेक्ट भवन के बाहर प्रदर्शन कर रहे हैं। कर्मचारियों का कहना है कि उन्होंने परीक्षा पास करने के बाद नियुक्ति हासिल की और अब अचानक सेवा समाप्त होने से उनका भविष्य अनिश्चित हो गया है। सोमवार देर रात से प्रोजेक्ट भवन के बाहर जुटे कर्मचारियों की संख्या बुधवार सुबह और बढ़ गई। राज्य के अलग-अलग जिलों में पदस्थापित कर्मचारियों के साथी भी आंदोलन में शामिल होने के लिए रांची पहुंचे। प्रदर्शनकारियों ने प्रोजेक्ट भवन के मुख्य गेट के पास बैठकर नारेबाजी की और सरकार से अपने फैसले पर पुनर्विचार करने की मांग की।

बारिश के बीच भी जारी रहा प्रदर्शन
बुधवार को राजधानी में लगातार बारिश के बावजूद कर्मचारी अपने आंदोलन से पीछे नहीं हटे। बड़ी संख्या में प्रदर्शनकारी प्रोजेक्ट भवन के बाहर डटे रहे। कर्मचारियों का कहना है कि उनका विरोध किसी व्यक्ति या सरकार के खिलाफ नहीं, बल्कि अपने रोजगार और भविष्य को लेकर है। प्रदर्शनकारियों ने कहा कि यदि परीक्षा में किसी स्तर पर गड़बड़ी हुई है तो उसकी निष्पक्ष जांच होनी चाहिए। दोषी पाए जाने वाले अभ्यर्थियों, अधिकारियों या अन्य जिम्मेदार लोगों पर कार्रवाई भी हो, लेकिन सभी चयनित कर्मचारियों को एक साथ दोषी मानकर सेवा से हटाना उचित नहीं है।

ccl.psd
Cambrian public school
RKDF University
Sarla Birla school

सेवाएं बहाल रखने का स्पष्ट आश्वासन मांग रहे कर्मचारी
कर्मचारियों की सबसे बड़ी मांग है कि सरकार उनकी सेवाएं फिलहाल बहाल रखे और जांच की प्रक्रिया पूरी होने तक उनके रोजगार को सुरक्षित किया जाए। प्रदर्शनकारियों का कहना है कि कई कर्मचारी नियुक्ति के बाद अलग-अलग सरकारी विभागों में अपनी जिम्मेदारी संभाल रहे थे। कुछ ने दूसरी नौकरियां छोड़कर JSSC-CGL के माध्यम से मिली सरकारी सेवा को चुना था। ऐसे में अचानक नियुक्ति प्रभावित होने से उनके सामने गंभीर आर्थिक और पारिवारिक संकट खड़ा हो गया है। एक प्रदर्शनकारी ने कहा कि “अगर किसी ने गलत तरीके से परीक्षा पास की है तो उसकी पहचान कर कार्रवाई की जाए, लेकिन पूरी चयन प्रक्रिया में शामिल हर अभ्यर्थी को दोषी मानना न्यायसंगत नहीं है।”

Vedanta iron steel
dipika pandey sing
15 Aug 2026 poat Ads Ramgarh
रमेश सिंह
Dulari Son

पुलिस मुख्यालय जाने वाली सड़क पर असर
प्रदर्शन के कारण प्रोजेक्ट भवन के आसपास सुरक्षा व्यवस्था बढ़ा दी गई है। बड़ी संख्या में कर्मचारियों के सड़क पर बैठने और नारेबाजी के कारण पुलिस मुख्यालय की ओर जाने वाली सड़क पर यातायात प्रभावित हुआ और जाम की स्थिति बन गई। प्रशासन की ओर से प्रदर्शनकारियों को नियंत्रित करने और यातायात व्यवस्था बनाए रखने के प्रयास किए जा रहे हैं। फिलहाल कर्मचारी शांतिपूर्ण तरीके से प्रदर्शन जारी रखने की बात कह रहे हैं।

munadi live whattsapp banne.jpg

आंदोलन आगे भी जारी रखने का ऐलान
कर्मचारियों ने स्पष्ट किया है कि जब तक सरकार की ओर से उनकी सेवाएं बहाल रखने को लेकर ठोस और स्पष्ट आश्वासन नहीं मिलता, तब तक उनका आंदोलन जारी रहेगा। अब सरकार के सामने एक तरफ भर्ती परीक्षाओं में कथित अनियमितताओं की निष्पक्ष जांच और दोषियों पर कार्रवाई की चुनौती है, तो दूसरी तरफ उन चयनित अभ्यर्थियों के भविष्य को लेकर भी बड़ा सवाल है, जिन्होंने परीक्षा पास कर नियुक्ति हासिल की है। ऐसे में आने वाले दिनों में सरकार और प्रभावित कर्मचारियों के बीच संवाद इस पूरे विवाद को सुलझाने में अहम भूमिका निभा सकता है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *