नेपाल में भोटेकोशी नदी का कहर! 8 की मौत, 1000 लापता; 105 भारतीय भी शामिल, 15 हेलिकॉप्टर से रेस्क्यू
तिब्बत से अचानक बढ़ा नदी का जलस्तर, रसुवा में भारी तबाही
टिमुरे बाजार, बॉर्डर पोस्ट और दर्जनों वाहन सैलाब में बहे
Nepal : नेपाल के उत्तरी रसुवा जिले में भोटेकोशी नदी में अचानक आए विनाशकारी सैलाब ने भारी तबाही मचा दी है। तिब्बत की ओर से बुधवार सुबह अचानक नदी का जलस्तर बढ़ने के बाद तेज बहाव ने सीमावर्ती इलाकों में बड़े पैमाने पर नुकसान पहुंचाया। इस प्राकृतिक आपदा में अब तक 8 लोगों की मौत की खबर है, जबकि करीब 1000 लोग लापता बताए जा रहे हैं। लापता लोगों में 105 भारतीय नागरिक भी शामिल हैं।स्थिति की गंभीरता को देखते हुए स्थानीय प्रशासन और नेपाली सेना ने युद्धस्तर पर राहत और बचाव अभियान शुरू कर दिया है। फंसे हुए लोगों को सुरक्षित स्थानों तक पहुंचाने के लिए 15 हेलिकॉप्टरों की मदद ली जा रही है। प्रभावित इलाकों में राहत दल लगातार रेस्क्यू ऑपरेशन चला रहे हैं।
सुबह अचानक बढ़ा भोटेकोशी नदी का जलस्तर
जानकारी के मुताबिक बुधवार सुबह करीब 9 बजे तिब्बत की तरफ से अचानक भोटेकोशी नदी का जलस्तर तेजी से बढ़ गया। देखते ही देखते नदी ने विकराल रूप धारण कर लिया और तेज बहाव ने आसपास के इलाकों को अपनी चपेट में लेना शुरू कर दिया। अचानक आए सैलाब से टिमुरे कस्टम क्षेत्र और आसपास के रिहायशी इलाकों में अफरा-तफरी मच गई। लोगों को संभलने तक का पर्याप्त मौका नहीं मिला और पानी का तेज बहाव कई इलाकों में घुस गया।
बॉर्डर पोस्ट और टिमुरे बाजार में तबाही
बाढ़ के तेज बहाव का असर रसुवा सीमा नाके और टिमुरे बाजार में भी देखने को मिला। कई जगहों पर पुलिस चौकियां प्रभावित हुई हैं। इसके अलावा दर्जनों वाहन भी पानी के तेज बहाव में बह गए। स्थानीय स्तर पर संचार और आवागमन भी प्रभावित होने की जानकारी सामने आई है। कई इलाकों में लोग फंसे हुए हैं, जिन्हें हेलिकॉप्टर के जरिए सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाने की कोशिश की जा रही है।

13 हाइड्रोपावर प्रोजेक्ट्स को भारी नुकसान
भोटेकोशी नदी में आए इस सैलाब से क्षेत्र के 13 हाइड्रोपावर प्रोजेक्ट्स को भी भारी नुकसान पहुंचने की खबर है। अचानक आई बाढ़ ने बिजली परियोजनाओं से जुड़े बुनियादी ढांचे को प्रभावित किया है। नदी के आसपास स्थित इलाकों में पानी का बहाव इतना तेज था कि वाहन और अन्य सामान तक बह गए। प्रशासन नुकसान का आकलन करने में जुटा है।
105 भारतीय नागरिक भी लापता
इस आपदा के बाद सबसे बड़ी चिंता लापता लोगों को लेकर है। करीब 1000 लोगों के लापता होने की जानकारी सामने आई है, जिनमें 105 भारतीय नागरिक बताए जा रहे हैं। प्रशासन और सुरक्षा एजेंसियां लापता लोगों का पता लगाने और उन्हें सुरक्षित निकालने की कोशिश कर रही हैं। हेलिकॉप्टरों के जरिए प्रभावित क्षेत्रों की निगरानी के साथ-साथ फंसे हुए लोगों को एयरलिफ्ट किया जा रहा है। राहत एवं बचाव दल नदी के आसपास के संवेदनशील इलाकों में लगातार अभियान चला रहे हैं।
युद्धस्तर पर राहत और बचाव अभियान
नेपाली सेना और स्थानीय प्रशासन ने राहत कार्य तेज कर दिया है। 15 हेलिकॉप्टरों की मदद से प्रभावित क्षेत्रों में रेस्क्यू अभियान चलाया जा रहा है। प्राथमिकता फंसे हुए लोगों को सुरक्षित निकालने और लापता लोगों की तलाश करने की है। भोटेकोशी नदी में अचानक आए इस सैलाब ने रसुवा जिले के सीमावर्ती इलाकों में बड़े पैमाने पर तबाही मचाई है। मौतों और लापता लोगों की संख्या बढ़ने की आशंका के बीच राहत एजेंसियां लगातार स्थिति पर नजर बनाए हुए हैं।






