कुडू-उदयपुर सड़क निर्माण कंपनी को राहुल सिंह के नाम से धमकी, काम बंद करने का फरमान
ऑडियो जारी कर कर्मचारियों को गोली मारने की धमकी, काम बंद करने का फरमान
लोहरदगा: कुडू से उदयपुरा तक सड़क निर्माण का काम कर रही कंपनी को कथित तौर पर झारखंड के टॉप अपराधियों में शामिल राहुल सिंह के नाम से धमकी दी गई है। अपराधी के नाम से एक प्रेस रिलीज और ऑडियो जारी कर सड़क निर्माण कंपनी के कर्मचारियों को तत्काल काम बंद करने की चेतावनी दी गई है। धमकी के बाद कंपनी के कर्मचारियों में दहशत का माहौल है।
ऑडियो जारी कर दी गई गोली मारने की धमकी
जारी किए गए कथित ऑडियो में कुडू से उदयपुर तक सड़क निर्माण कार्य में लगे सभी कर्मचारियों को काम बंद रखने की चेतावनी दी गई है। ऑडियो में कहा गया है कि जब तक संबंधित व्यक्ति की ओर से दोबारा आदेश नहीं दिया जाता, तब तक सड़क निर्माण से जुड़ा कोई काम नहीं किया जाए। धमकी में कथित तौर पर यह भी कहा गया है कि अगर कोई कर्मचारी काम करता हुआ दिखाई दिया, तो उसे गोली मार दी जाएगी। कर्मचारियों को उनके परिवार का हवाला देकर भी धमकाने की बात सामने आई है। ऑडियो में चेतावनी को गंभीरता से लेने और इसे नजरअंदाज नहीं करने की बात कही गई है। इस कथित धमकी के सामने आने के बाद सड़क निर्माण कंपनी के कर्मचारियों और आसपास के लोगों में भय का माहौल है।
फायरिंग में एक युवक घायल
यह मामला इसलिए भी गंभीर हो गया है क्योंकि गुरुवार देर रात कुडू-उदयपुर सड़क निर्माण कार्य में लगी कंपनी को निशाना बनाकर अंधाधुंध फायरिंग की गई थी। फायरिंग की घटना में एक युवक को गोली लगी, जिसे इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है। फायरिंग की घटना के बाद इलाके में हड़कंप मच गया। इसके बाद अब कंपनी को धमकी देने वाला कथित ऑडियो सामने आने से पुलिस के सामने चुनौती और बढ़ गई है।

मौके पर पहुंचे लोहरदगा SP
घटना की गंभीरता को देखते हुए लोहरदगा एसपी सादिक अनवर रिजवी मौके पर पहुंचे और घटनास्थल का जायजा लिया। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है। फायरिंग और इसके बाद सामने आई धमकी के पीछे राहुल सिंह गिरोह की भूमिका है या नहीं, इसकी भी जांच की जा रही है। पुलिस कथित ऑडियो और प्रेस रिलीज की भी जांच कर रही है, ताकि यह पता लगाया जा सके कि इन्हें किसने जारी किया और इसके पीछे वास्तविक मंशा क्या है।
अपराधियों की गिरफ्तारी के लिए छापेमारी
पुलिस अपराधियों की पहचान और गिरफ्तारी के लिए संभावित ठिकानों पर छापेमारी कर रही है। साथ ही घटना से जुड़े अन्य पहलुओं की भी जांच की जा रही है। फिलहाल पुलिस के सामने सबसे बड़ी चुनौती सड़क निर्माण कंपनी और उसके कर्मचारियों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के साथ-साथ फायरिंग की घटना में शामिल आरोपियों तक पहुंचना है। कथित धमकी और फायरिंग की घटनाओं ने इलाके में सुरक्षा को लेकर भी सवाल खड़े कर दिए हैं।
हालांकि, राहुल सिंह के नाम से जारी ऑडियो और प्रेस रिलीज की प्रामाणिकता तथा उसमें लगाए गए दावों की स्वतंत्र पुष्टि अभी नहीं हुई है। पुलिस जांच पूरी होने के बाद ही यह स्पष्ट हो सकेगा कि धमकी के पीछे कौन लोग हैं और फायरिंग की घटना से इसका सीधा संबंध है या नहीं।






