गढ़वा में JTET प्री-टेस्ट मूल्यांकन परीक्षा संपन्न, 300 शिक्षक और अभ्यर्थियों ने परखी अपनी तैयारी
गढ़वा, 26 जुलाई: झारखंड में शिक्षक भर्ती परीक्षा (JTET) की तैयारी कर रहे अभ्यर्थियों के लिए गढ़वा में एक महत्वपूर्ण शैक्षणिक पहल देखने को मिली। प्रख्यात शिक्षाविद मोहन वर्मा के मार्गदर्शन में एस.बी. एग्जाम, गिरिडीह के तत्वावधान में ज्ञान निकेतन कॉन्वेंट स्कूल, गढ़वा में JTET प्री-टेस्ट मूल्यांकन परीक्षा का सफल आयोजन किया गया। इस परीक्षा में गढ़वा और पलामू जिले के लगभग 300 शिक्षक एवं शिक्षक अभ्यर्थियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। आयोजन का मुख्य उद्देश्य JTET की तैयारी कर रहे प्रतिभागियों की वर्तमान तैयारी का आकलन करना, उनकी कमजोरियों की पहचान करना तथा आगामी परीक्षा के लिए प्रभावी रणनीति तैयार करने में सहयोग देना था।
मोहन वर्मा ने किया कार्यक्रम का शुभारंभ
कार्यक्रम का शुभारंभ शिक्षाविद मोहन वर्मा ने किया। इस अवसर पर उन्होंने अभ्यर्थियों को संबोधित करते हुए कहा कि किसी भी प्रतियोगी परीक्षा में सफलता का सबसे बड़ा आधार नियमित अभ्यास, आत्ममूल्यांकन और सही मार्गदर्शन होता है। उन्होंने कहा कि प्री-टेस्ट जैसी मूल्यांकन परीक्षाएं अभ्यर्थियों को वास्तविक परीक्षा जैसा अनुभव प्रदान करती हैं। इससे उम्मीदवार यह समझ पाते हैं कि किन विषयों में उनकी तैयारी मजबूत है और किन क्षेत्रों में उन्हें अधिक मेहनत करने की आवश्यकता है।
शिक्षा समाज निर्माण की सबसे बड़ी शक्ति
मोहन वर्मा ने अपने संबोधन में कहा कि शिक्षा केवल रोजगार प्राप्त करने का माध्यम नहीं, बल्कि समाज के विकास और राष्ट्र निर्माण की सबसे महत्वपूर्ण शक्ति है। उन्होंने कहा कि एक योग्य शिक्षक ही भविष्य की पीढ़ी को सही दिशा दे सकता है। इसलिए शिक्षक बनने की तैयारी कर रहे अभ्यर्थियों को केवल विषय ज्ञान तक सीमित नहीं रहना चाहिए, बल्कि उन्हें शिक्षण कौशल, आधुनिक शिक्षण पद्धतियों, बाल मनोविज्ञान और समसामयिक विषयों की भी गहन जानकारी रखनी चाहिए।
उन्होंने अभ्यर्थियों से लगातार अध्ययन, सकारात्मक सोच और आत्मविश्वास बनाए रखने की अपील की।
अनुशासित वातावरण में हुई परीक्षा
JTET प्री-टेस्ट परीक्षा का आयोजन पूरी तरह शांतिपूर्ण और अनुशासित वातावरण में किया गया। परीक्षा के लिए विद्यालय परिसर में आवश्यक व्यवस्थाएं की गई थीं। परीक्षार्थियों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए अलग-अलग कक्षों में बैठने की व्यवस्था सुनिश्चित की गई। आयोजन समिति के सदस्यों ने परीक्षा संचालन की पूरी जिम्मेदारी संभाली और समयबद्ध एवं व्यवस्थित तरीके से परीक्षा संपन्न कराई।
जल्द घोषित होगा परिणाम
आयोजकों ने बताया कि मूल्यांकन परीक्षा का परिणाम जल्द घोषित किया जाएगा। परिणाम के साथ प्रत्येक प्रतिभागी को विषयवार प्रदर्शन का विस्तृत विश्लेषण उपलब्ध कराया जाएगा, जिससे वे अपनी कमजोरियों को पहचानकर उन्हें दूर कर सकें। इसके अलावा परीक्षा में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले अभ्यर्थियों को विशेष मार्गदर्शन देने के साथ-साथ सम्मानित करने की भी योजना बनाई गई है।
अभ्यर्थियों ने की पहल की सराहना
परीक्षा में शामिल शिक्षकों और अभ्यर्थियों ने इस पहल की सराहना करते हुए कहा कि इस प्रकार की मूल्यांकन परीक्षाएं प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी में काफी उपयोगी साबित होती हैं। प्रतिभागियों का कहना था कि उन्हें पहली बार वास्तविक परीक्षा जैसा माहौल मिला, जिससे समय प्रबंधन, प्रश्नों की कठिनाई और अपनी तैयारी का सही आकलन करने का अवसर प्राप्त हुआ। उन्होंने भविष्य में भी ऐसे शैक्षणिक कार्यक्रमों का नियमित आयोजन करने की मांग की, ताकि अधिक से अधिक शिक्षक अभ्यर्थियों को इसका लाभ मिल सके।
गुणवत्तापूर्ण शिक्षकों के निर्माण की दिशा में पहल
कार्यक्रम के समापन पर आयोजन समिति ने सभी प्रतिभागियों, विद्यालय प्रबंधन, शिक्षकों एवं सहयोगियों का आभार व्यक्त किया। समिति ने विश्वास जताया कि इस प्रकार के शैक्षणिक और मूल्यांकन आधारित कार्यक्रम झारखंड में गुणवत्तापूर्ण शिक्षकों के निर्माण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे तथा राज्य की शिक्षा व्यवस्था को और अधिक सशक्त बनाने में सहायक सिद्ध होंगे।






