खूंटी हत्या कांड: पत्नी और उसके कथित प्रेमी पर पति की हत्या का आरोप, पुलिस ने किया गिरफ्तार
खूंटी: झारखंड के खूंटी जिले में सामने आए एक सनसनीखेज हत्या मामले का पुलिस ने खुलासा करने का दावा किया है। खूंटी थाना क्षेत्र के डहुगुटू गांव स्थित सरना टांड़ की झाड़ियों से कुछ दिन पहले बरामद हुए युवक के शव की गुत्थी सुलझाते हुए पुलिस ने मृतक की पत्नी और उसके कथित प्रेमी को गिरफ्तार किया है। पुलिस के अनुसार, दोनों ने मिलकर युवक की हत्या की और साक्ष्य छिपाने के उद्देश्य से शव को झाड़ियों में फेंक दिया।
पुलिस के मुताबिक मृतक की पहचान ठुरहू पाहन उर्फ सागर मुंडा के रूप में हुई थी। शव मिलने के बाद खूंटी थाना पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए विशेष जांच शुरू की। घटनास्थल से जुटाए गए साक्ष्यों, तकनीकी जांच और पूछताछ के आधार पर पुलिस को मृतक की पत्नी मुक्ता कुमारी और उसके कथित प्रेमी जोटो तिर्की उर्फ सेलाय पर संदेह हुआ। बाद में दोनों से पूछताछ की गई, जिसके बाद पुलिस ने उन्हें गिरफ्तार कर लिया।
पुलिस का दावा है कि जांच के दौरान यह सामने आया कि मुक्ता कुमारी और जोटो तिर्की के बीच कथित प्रेम संबंध थे। इसी वजह से दोनों ने मिलकर ठुरहू पाहन उर्फ सागर मुंडा की हत्या की साजिश रची। हत्या के बाद शव को डहुगुटू गांव के सरना टांड़ स्थित झाड़ियों में ले जाकर छिपा दिया गया, ताकि घटना को दुर्घटना या गुमशुदगी का रूप दिया जा सके।
मामले की जांच के दौरान पुलिस ने आरोपियों की निशानदेही पर हत्या में इस्तेमाल किए जाने का दावा किए गए कई सामान भी बरामद किए हैं। इनमें लोहे की दौली, एक गमछा, घटना के समय पहने गए कपड़े तथा दो मोबाइल फोन शामिल हैं। पुलिस का कहना है कि बरामद सामान को जब्त कर वैज्ञानिक जांच और फॉरेंसिक परीक्षण के लिए भेजा जा रहा है, ताकि उपलब्ध साक्ष्यों को और मजबूत किया जा सके।
गिरफ्तारी के बाद दोनों आरोपियों को स्थानीय अदालत में पेश किया गया, जहां से उन्हें न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया। पुलिस का कहना है कि मामले की जांच अभी जारी है और यदि जांच के दौरान अन्य तथ्य या किसी अन्य व्यक्ति की संलिप्तता सामने आती है तो उसके खिलाफ भी कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
इस घटना के सामने आने के बाद डहुगुटू गांव और आसपास के इलाके में सनसनी फैल गई है। स्थानीय लोगों के बीच इस घटना को लेकर तरह-तरह की चर्चाएं हो रही हैं। पुलिस ने लोगों से अपील की है कि वे अफवाहों पर ध्यान न दें और जांच पूरी होने तक किसी भी अपुष्ट जानकारी को साझा करने से बचें।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि इस मामले में उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर आगे की कानूनी प्रक्रिया अपनाई जा रही है। साथ ही फॉरेंसिक रिपोर्ट और अन्य वैज्ञानिक जांच के निष्कर्ष भी केस का महत्वपूर्ण हिस्सा होंगे।






