रांची में BBA छात्र से मारपीट और छिनतई का आरोप, विधायक जनार्दन पासवान के बेटे समेत कई पर FIR
निजी विश्वविद्यालय के गेट के बाहर छात्र लक्की राज से मारपीट का आरोप
सोने की चेन और 4,500 रुपये छीनने का भी दावा
रांची: राजधानी रांची में एक निजी विश्वविद्यालय के बाहर BBA द्वितीय वर्ष के छात्र लक्की राज से मारपीट और छिनतई का मामला सामने आया है। इस मामले में छात्र की मां प्रियंका सिंह, निवासी अरगोड़ा, ने 9 सितंबर को विधानसभा थाना में प्राथमिकी दर्ज कराई है। प्राथमिकी में चतरा विधायक जनार्दन पासवान के बेटे और यूनिवर्सिटी के छात्र सौरभ कुमार समेत पिंटू दूबे, हर्षवर्धन तिवारी, प्रतीक सिंह और अन्य युवकों को आरोपी बनाया गया है। शिकायत के अनुसार, घटना 7 सितंबर की बताई गई है। पुलिस ने प्राथमिकी दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी है। फिलहाल लगाए गए आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है।
कॉलेज गेट के बाहर मारपीट का आरोप
प्राथमिकी में प्रियंका सिंह ने बताया है कि उनका बेटा लक्की राज 7 सितंबर की सुबह करीब 9:30 बजे कॉलेज गया था। दोपहर करीब 2 बजे क्लास खत्म होने के बाद वह विश्वविद्यालय के मुख्य गेट से बाहर निकल रहा था। शिकायत के मुताबिक, गेट के बाहर सौरभ कुमार समेत कुछ युवक मौजूद थे। आरोप है कि युवकों ने लक्की को देखते ही गाली-गलौज शुरू कर दी। विरोध करने पर सौरभ कुमार द्वारा उसका कॉलर पकड़कर मारपीट करने का आरोप लगाया गया है। प्राथमिकी में दावा किया गया है कि इसके बाद वहां मौजूद अन्य युवकों ने भी लक्की के साथ लात-घूंसों और बेल्ट से मारपीट की।
सोने की चेन और 4,500 रुपये छीनने का आरोप
शिकायत में मारपीट के दौरान लक्की राज के साथ छिनतई का भी आरोप लगाया गया है। प्रियंका सिंह के अनुसार, आरोपियों ने उसके बेटे के गले से सोने के लॉकेट वाली चेन और जेब से 4,500 रुपये कथित तौर पर छीन लिए। प्राथमिकी में सौरभ कुमार पर लक्की का गला दबाने और उसे जान से मारने की धमकी देने का भी आरोप लगाया गया है।
अपहरण की झूठी सूचना देने का आरोप
शिकायत के अनुसार, घटना के बाद लक्की विधानसभा जाने के लिए एक गाड़ी में बैठ गया। आरोप है कि रास्ते में आरोपियों की ओर से फोन कर उसके अपहरण की झूठी सूचना देने का प्रयास किया गया। इसके बाद लक्की को गाड़ी से उतारकर विधानसभा थाना ले जाया गया। मामले की शिकायत मिलने के बाद उसकी मां ने पुलिस से पूरे घटनाक्रम की जांच करने और प्राथमिकी में नामजद आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है।
पुलिस जांच के बाद सामने आएगी पूरी तस्वीर
मामला सामने आने के बाद पुलिस अब प्राथमिकी में लगाए गए आरोपों की जांच कर रही है। घटना विश्वविद्यालय के मुख्य गेट के बाहर की बताई गई है, ऐसे में पुलिस CCTV फुटेज, प्रत्यक्षदर्शियों और घटना से जुड़े अन्य साक्ष्यों की भी पड़ताल कर सकती है। फिलहाल प्राथमिकी में लगाए गए आरोपों के आधार पर पुलिस मामले की जांच कर रही है। आरोपियों की ओर से इस मामले में कोई पक्ष सामने आने के बाद तस्वीर और स्पष्ट हो सकती है।




