CCL ने मानव संसाधन प्रबंधन में AI के बढ़ते महत्व पर दिया जोर: 50 HR अधिकारियों को कृत्रिम बुद्धिमत्ता के प्रभावी उपयोग का मिला प्रशिक्षण
प्रशिक्षण में HR में AI के व्यावहारिक उपयोग, नैतिक पहलुओं और भविष्य की संभावनाओं पर चर्चा हुई।
निदेशक (तकनीकी/संचालन) सी.एस. तिवारी ने किया उद्घाटन ।
रांची: सेंट्रल कोलफील्ड्स लिमिटेड (CCL) के मानव संसाधन विकास (HRD) विभाग द्वारा मानव संसाधन अधिकारियों के लिए “मानव संसाधन में कृत्रिम बुद्धिमत्ता (Artificial Intelligence-AI) की भूमिका” विषय पर एक दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य बदलते कार्य परिवेश में AI तकनीक की उपयोगिता से अधिकारियों को अवगत कराना और मानव संसाधन प्रबंधन में इसके प्रभावी उपयोग की समझ विकसित करना था। इस प्रशिक्षण कार्यक्रम में सीसीएल के विभिन्न परियोजना क्षेत्रों एवं मुख्यालय से आए लगभग 50 मानव संसाधन अधिकारियों ने भाग लिया।
निदेशक (तकनीकी/संचालन) ने किया कार्यक्रम का उद्घाटन
प्रशिक्षण कार्यक्रम का उद्घाटन सीसीएल के निदेशक (तकनीकी/संचालन) सी.एस. तिवारी ने किया। इस अवसर पर कार्यक्रम के संकाय देशबंधु मिश्रा तथा महाप्रबंधक (एचआरडी) एम.एफ. हक भी उपस्थित रहे। कार्यक्रम की शुरुआत में अतिथियों का स्वागत करते हुए महाप्रबंधक (एचआरडी) एम.एफ. हक ने कहा कि आज के डिजिटल युग में कृत्रिम बुद्धिमत्ता (AI) कार्यस्थलों का अभिन्न हिस्सा बनती जा रही है। उन्होंने कहा कि मानव संसाधन पेशेवरों के लिए AI की कार्यप्रणाली को समझना और उसे कार्यक्षेत्र में प्रभावी ढंग से अपनाना समय की आवश्यकता है।
AI से बढ़ेगी कार्यकुशलता, लेकिन नैतिक पहलुओं पर भी जरूरी है ध्यान
अपने उद्घाटन संबोधन में निदेशक (तकनीकी/संचालन) सी.एस. तिवारी ने कहा कि कृत्रिम बुद्धिमत्ता मानव संसाधन प्रबंधन में कार्यों को अधिक दक्ष, त्वरित और प्रभावी बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकती है। उन्होंने यह भी कहा कि AI का उपयोग करते समय उसके नैतिक पहलुओं (Ethics), संभावित चुनौतियों और ग्रे एरिया (Grey Areas) को भी गंभीरता से समझना आवश्यक है, ताकि तकनीक का उपयोग जिम्मेदारी और संतुलन के साथ किया जा सके।
AI के व्यावहारिक उपयोग और भविष्य की संभावनाओं पर चर्चा
प्रशिक्षण कार्यक्रम के दौरान विशेषज्ञों ने कृत्रिम बुद्धिमत्ता के विभिन्न आयामों, HR प्रक्रियाओं में इसके व्यावहारिक उपयोग, डेटा आधारित निर्णय प्रक्रिया, प्रतिभा प्रबंधन, भर्ती, प्रदर्शन मूल्यांकन और भविष्य की संभावनाओं पर विस्तार से चर्चा की। प्रतिभागियों ने भी सक्रिय भागीदारी करते हुए AI के उपयोग, उससे जुड़ी चुनौतियों और कार्यस्थल पर उसके प्रभाव को लेकर अपने अनुभव एवं जिज्ञासाएं साझा कीं।

डिजिटल HR की दिशा में CCL का महत्वपूर्ण कदम
विशेषज्ञों का मानना है कि कृत्रिम बुद्धिमत्ता के बढ़ते उपयोग के साथ मानव संसाधन प्रबंधन तेजी से डिजिटल हो रहा है। ऐसे में CCL द्वारा आयोजित यह प्रशिक्षण कार्यक्रम अधिकारियों को नई तकनीकों के प्रति जागरूक बनाने और भविष्य की आवश्यकताओं के अनुरूप तैयार करने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल माना जा रहा है।
मानव संसाधन प्रबंधन में कृत्रिम बुद्धिमत्ता की बढ़ती भूमिका को देखते हुए CCL का यह प्रशिक्षण कार्यक्रम भविष्य की कार्य संस्कृति के अनुरूप अधिकारियों को तैयार करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है। AI आधारित कार्यप्रणाली को समझकर मानव संसाधन अधिकारी संगठन की दक्षता बढ़ाने, निर्णय प्रक्रिया को अधिक प्रभावी बनाने और आधुनिक तकनीक का जिम्मेदारीपूर्वक उपयोग सुनिश्चित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकेंगे।





