अधिवक्ता संघ के विरोध के बाद बेल बॉन्ड सत्यापन का आदेश वापस, बोकारो में पूर्व प्रक्रिया बहाल
बोकारो/झारखंड: बोकारो जिला अधिवक्ता संघ के विरोध के बाद प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश के कार्यालय से बेल बॉन्ड के पुलिस सत्यापन से संबंधित जारी आदेश वापस ले लिया गया है। आदेश वापस होने के बाद अब बेल बॉन्ड भरने की प्रक्रिया पूर्व की तरह जारी रहेगी। इस आदेश के विरोध में बोकारो जिला अधिवक्ता संघ ने दो दिवसीय कलमबंद हड़ताल की घोषणा की थी। हालांकि, आदेश वापस लिए जाने के बाद अधिवक्ताओं ने इसे सकारात्मक कदम बताते हुए फैसले का स्वागत किया है।
आदेश में क्या था प्रावधान?
मामला 11 सितंबर 2026 को जारी आदेश पत्रांक 459/2026 से जुड़ा है। अधिवक्ता संघ के अनुसार, यह आदेश 14 सितंबर को संघ के कार्यालय को प्राप्त हुआ था। आदेश में अभियुक्तों की ओर से दाखिल किए जाने वाले बेल बॉन्ड का पुलिस से सत्यापन कराने का निर्देश दिया गया था। संघ के मुताबिक, आदेश में जमानतदारों के सत्यापन के दौरान उनकी तस्वीर लगाए जाने और पहले एक सप्ताह के लिए प्रोविजनल बेल देने के बाद उसे रेगुलर करने की प्रक्रिया का भी उल्लेख था। इसी प्रक्रिया को लेकर जिला अधिवक्ता संघ ने आपत्ति जताई और आदेश वापस लेने की मांग की।

विरोध के बाद दो दिवसीय कलमबंद हड़ताल का ऐलान
बेल बॉन्ड के पुलिस सत्यापन से संबंधित आदेश के विरोध में जिला अधिवक्ता संघ ने दो दिवसीय कलमबंद हड़ताल की घोषणा की थी। संघ का कहना था कि प्रस्तावित प्रक्रिया से जमानत की मौजूदा प्रक्रिया प्रभावित हो सकती है। अधिवक्ताओं के विरोध के बीच प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश के कार्यालय की ओर से आदेश वापस लिए जाने की जानकारी सामने आई। इसके बाद संघ ने हड़ताल से जुड़े अपने रुख पर राहत व्यक्त की और आदेश वापस लेने के फैसले का स्वागत किया।
‘आम लोगों के हित को भी ध्यान में रखते हैं अधिवक्ता’
बोकारो जिला अधिवक्ता संघ के अध्यक्ष बासुदेव गोस्वामी ने कहा कि प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश की ओर से जारी आदेश का संघ ने विरोध किया था। उनके अनुसार, आदेश के जरिए बेल बॉन्ड की प्रक्रिया में पुलिस सत्यापन को शामिल किया जा रहा था, जिस पर अधिवक्ता संघ ने आपत्ति जताई। संघ के महासचिव दिनेश शर्मा ने कहा कि अधिवक्ता केवल अपने पेशेगत हितों को नहीं, बल्कि आम लोगों की सुविधा और हित को भी ध्यान में रखते हैं। उनके मुताबिक, प्रस्तावित प्रक्रिया का असर आम लोगों पर पड़ सकता था, इसलिए संघ ने इसका विरोध किया। उन्होंने आदेश वापस लिए जाने का स्वागत किया।

अब पहले की तरह भरा जाएगा बेल बॉन्ड
आदेश वापस लिए जाने के बाद अब बेल बॉन्ड भरने की प्रक्रिया पूर्व निर्धारित व्यवस्था के अनुसार जारी रहने की बात कही गई है। इससे जमानत प्रक्रिया में शामिल अधिवक्ताओं और संबंधित पक्षों को राहत मिलने की उम्मीद है। बोकारो जिला अधिवक्ता संघ ने आदेश वापस लिए जाने के निर्णय का स्वागत करते हुए कहा कि संघ की आपत्ति आम लोगों से जुड़ी प्रक्रिया को लेकर थी। फिलहाल इस मामले में पूर्व प्रक्रिया के तहत बेल बॉन्ड भरने का काम जारी रहेगा।
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