रांची के हिंदपीढ़ी में आधी रात उपद्रव, आधा दर्जन से अधिक गाड़ियों में तोड़फोड़; CCTV फुटेज खंगाल रही पुलिस
निजाम नगर और मक्का मस्जिद रोड पर खड़ी कारों को बनाया निशाना, इलाके में दहशत का माहौल
रांची: राजधानी रांची के हिंदपीढ़ी थाना क्षेत्र में सोमवार देर रात असामाजिक तत्वों ने जमकर उत्पात मचाया। अज्ञात बदमाशों ने निजाम नगर मोती मस्जिद रोड और मक्का मस्जिद रोड पर सड़क किनारे खड़ी आधा दर्जन से अधिक गाड़ियों में तोड़फोड़ कर इलाके में दहशत फैला दी। घटना के बाद स्थानीय लोगों में भारी आक्रोश है। मंगलवार सुबह जब वाहन मालिक अपने घरों से बाहर निकले तो उनकी गाड़ियों के शीशे टूटे हुए मिले। सूचना मिलते ही हिंदपीढ़ी थाना पुलिस मौके पर पहुंची और पूरे मामले की जांच शुरू कर दी।
कई महंगी गाड़ियों को बनाया निशाना
प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, देर रात अज्ञात बदमाशों ने सुनसान का फायदा उठाकर एक-एक कर कई वाहनों पर हमला किया। हमलावरों ने लोहे की रॉड या किसी भारी वस्तु से गाड़ियों के शीशे तोड़ दिए और मौके से फरार हो गए। जिन वाहनों को नुकसान पहुंचा है, उनमें हुंडई वरना, टाटा नेक्सॉन, महिंद्रा स्कॉर्पियो, टाटा सूमो सहित अन्य निजी वाहन शामिल हैं। कई गाड़ियों के आगे और पीछे के शीशे पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गए हैं, जबकि कुछ वाहनों के साइड ग्लास भी टूटे पाए गए। घटना के कारण वाहन मालिकों को हजारों रुपये का नुकसान होने का अनुमान है। पीड़ितों ने इस घटना को सुनियोजित बताते हुए दोषियों की जल्द गिरफ्तारी की मांग की है।
सुबह सामने आई घटना, मचा हड़कंप
मंगलवार सुबह जब स्थानीय लोगों ने सड़क किनारे खड़ी गाड़ियों की स्थिति देखी तो पूरे इलाके में हड़कंप मच गया। देखते ही देखते बड़ी संख्या में लोग मौके पर जमा हो गए। वाहन मालिकों ने बताया कि रात तक सभी वाहन सुरक्षित थे, लेकिन सुबह उनके शीशे टूटे मिले। स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि बदमाश इतने लंबे समय तक सड़क पर खड़ी कई गाड़ियों में तोड़फोड़ करते रहे, तो यह सुरक्षा व्यवस्था पर भी सवाल खड़ा करता है। लोगों ने रात के समय पुलिस गश्ती बढ़ाने की मांग की है।
पुलिस ने शुरू की जांच
घटना की सूचना मिलने के बाद हिंदपीढ़ी थाना पुलिस मौके पर पहुंची और घटनास्थल का निरीक्षण किया। पुलिस ने क्षतिग्रस्त वाहनों की जानकारी जुटाई और आसपास मौजूद लोगों से पूछताछ भी की। अधिकारियों का कहना है कि मामले की हर पहलू से जांच की जा रही है। पुलिस यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि तोड़फोड़ की वारदात किसी व्यक्तिगत रंजिश का परिणाम है या फिर असामाजिक तत्वों द्वारा दहशत फैलाने के उद्देश्य से अंजाम दी गई है। पुलिस ने प्रभावित वाहन मालिकों से भी लिखित शिकायत देने को कहा है ताकि विधिसम्मत कार्रवाई की जा सके।
CCTV फुटेज खंगाल रही पुलिस
घटना के बाद जांच का सबसे महत्वपूर्ण आधार आसपास लगे सीसीटीवी कैमरे बने हैं। पुलिस आसपास के मकानों, दुकानों और संस्थानों में लगे कैमरों की फुटेज जुटा रही है। अधिकारियों को उम्मीद है कि कैमरों में बदमाशों की गतिविधियां कैद हुई होंगी, जिससे उनकी पहचान करने में मदद मिलेगी। इसके अलावा पुलिस इलाके में देर रात मौजूद संदिग्ध लोगों की भी जानकारी जुटा रही है। यदि फुटेज में कोई संदिग्ध दिखाई देता है तो उसकी पहचान कर जल्द गिरफ्तारी की जाएगी।
इलाके में बढ़ाई गई निगरानी
घटना के बाद हिंदपीढ़ी और आसपास के इलाकों में पुलिस की गश्त बढ़ा दी गई है। स्थानीय लोगों से भी अपील की गई है कि यदि किसी ने रात के समय कोई संदिग्ध गतिविधि देखी हो या किसी व्यक्ति के बारे में जानकारी हो तो तुरंत पुलिस को सूचित करें। पुलिस का कहना है कि कानून व्यवस्था से खिलवाड़ करने वाले किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा। जांच के आधार पर दोषियों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

सुरक्षा व्यवस्था पर उठे सवाल
लगातार आबादी वाले इलाके में देर रात कई वाहनों में तोड़फोड़ की इस घटना ने शहर की सुरक्षा व्यवस्था पर भी सवाल खड़े कर दिए हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि घनी आबादी वाले क्षेत्र में इस तरह की वारदात हो सकती है, तो आम लोगों की सुरक्षा को लेकर चिंता स्वाभाविक है। फिलहाल पुलिस सीसीटीवी फुटेज और अन्य तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर आरोपियों की तलाश में जुटी है। उम्मीद जताई जा रही है कि जल्द ही इस मामले का खुलासा कर दोषियों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा।






