भारत ने जापान को रौंदा, 4-1 से जीता फाइनल; हॉकी में फिर लहराया तिरंगा
जापान ने बनाई शुरुआती बढ़त, दूसरे हाफ में बदला पूरा खेल
मोहाली: भारतीय हॉकी टीम ने एक बार फिर देश का सिर गर्व से ऊंचा कर दिया है। पुरुष एशियन चैंपियंस ट्रॉफी 2026 के फाइनल में भारत ने जापान को 4-1 से हराकर स्वर्ण पदक अपने नाम कर लिया। जापान ने मुकाबले की शुरुआत में बढ़त बनाकर भारत को दबाव में डाला, लेकिन दूसरे हाफ में भारतीय खिलाड़ियों ने शानदार वापसी करते हुए मुकाबले का रुख पूरी तरह बदल दिया।
जापान ने बनाई शुरुआती बढ़त
मोहाली के ओलंपियन बलबीर सिंह सीनियर इंटरनेशनल हॉकी स्टेडियम में खेले गए फाइनल में जापान ने तीसरे मिनट में ही बढ़त हासिल कर ली। काजुमासा मात्सुमोटो ने शानदार बैकहैंड के जरिए जापान को 1-0 से आगे कर दिया। भारत ने बराबरी के लिए लगातार दबाव बनाया, लेकिन पहले हाफ में जापानी डिफेंस ने भारतीय हमलों को रोककर बढ़त कायम रखी।
दूसरे हाफ में बदला पूरा खेल
दूसरे हाफ में भारतीय टीम ने आक्रामक अंदाज अपनाया। 42वें मिनट में शिलानंद लाकड़ा ने पेनल्टी कॉर्नर के रिबाउंड पर गोल करते हुए भारत को बराबरी दिलाई। इसके बाद 48वें मिनट में दिलप्रीत सिंह ने शानदार रिवर्स हिट के जरिए भारत को 2-1 की बढ़त दिला दी। जापान अभी इस झटके से उबर भी नहीं पाया था कि 53वें मिनट में जुगराज सिंह ने पेनल्टी कॉर्नर को गोल में बदलकर भारत की बढ़त 3-1 कर दी।
विवेक सागर प्रसाद ने लगाया जीत पर मुहर
भारत का दबदबा यहीं नहीं रुका। अगले ही मिनट विवेक सागर प्रसाद ने शानदार फील्ड गोल दागकर स्कोर 4-1 कर दिया। आखिरी मिनटों में जापान ने वापसी की कोशिश की और पेनल्टी कॉर्नर भी हासिल किए, लेकिन भारतीय डिफेंस ने कोई और गोल नहीं होने दिया। आखिरकार भारत ने 4-1 की शानदार जीत के साथ खिताब अपने नाम कर लिया।
भारत का छठा एशियन चैंपियंस ट्रॉफी खिताब
इस जीत के साथ भारत ने एशियन चैंपियंस ट्रॉफी का छठा खिताब अपने नाम किया है। भारत ने इससे पहले 2011, 2016, 2018, 2023 और 2024 में यह खिताब जीता था। 2026 की जीत के साथ भारत ने लगातार तीसरी बार एशियन चैंपियंस ट्रॉफी पर कब्जा किया। टीम पूरे टूर्नामेंट में अजेय रही।
फाइनल में जापान को शुरुआती बढ़त के बावजूद भारतीय टीम ने जिस तरह मुकाबले में वापसी की, उसने एक बार फिर भारतीय हॉकी की मजबूती और बड़े मुकाबलों में दबाव संभालने की क्षमता को दिखाया।





