रांची रेलवे स्टेशन पर आरपीएफ की बड़ी कार्रवाई, 18 किलो गांजा बरामद

Operation Narcos

रांची: आरपीएफ रांची ने ऑपरेशन “नारकोस” के तहत बड़ी सफलता हासिल करते हुए रांची रेलवे स्टेशन से 18 किलोग्राम गांजा बरामद किया है। सघन जांच अभियान के दौरान मौर्या एक्सप्रेस के आगमन के बाद प्लेटफार्म संख्या-1 पर संदिग्ध हालत में बैठे एक पुरुष और एक महिला को पकड़ा गया। दोनों के व्यवहार में घबराहट देख आरपीएफ जवानों को संदेह हुआ और पूछताछ शुरू की गई।

पूछताछ में खुला पूरा मामला
संदेह के आधार पर की गई पूछताछ में पुरुष ने अपना नाम राजू कुमार (29 वर्ष), पिता लल्लू सिंह, निवासी गिरधरपुर, थाना करगहर, जिला रोहतास (बिहार) बताया। वहीं महिला ने अपनी पहचान छोटी कुमारी (21 वर्ष), पिता गोपाल कहार, निवासी सोनाडीह, थाना करगहर, जिला रोहतास (बिहार) के रूप में दी। बैग के बारे में पूछने पर दोनों ने स्वीकार किया कि उनके पास प्लास्टिक में लिपटा गांजा मौजूद है।

18 पैकेट में मिला 18 किलो गांजा
मामले की सूचना तत्काल सहायक सुरक्षा आयुक्त रांची अशोक कुमार सिंह को दी गई। उनके निर्देश पर विधिसम्मत प्रक्रिया अपनाते हुए दोनों की तलाशी ली गई। जांच में राजू कुमार के बैग से गांजे के 10 पैकेट और छोटी कुमारी के पास से 8 पैकेट बरामद हुए। मौके पर वजन करने पर कुल 18 किलोग्राम गांजा मिला, जिसकी अनुमानित बाजार कीमत करीब 9 लाख रुपये आंकी गई है।

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ओडिशा से बिहार तक सप्लाई की थी योजना
पूछताछ में आरोपितों ने खुलासा किया कि गांजा और रेलवे टिकट उन्हें संबलपुर (ओडिशा) निवासी बिशनु नामक व्यक्ति से मिला था। इस खेप को सासाराम रेलवे स्टेशन पर गिरधरपुर निवासी बिट्टू चंद्रवंशी को सौंपना था, जो छोटू सिंह के लिए काम करता है। पुलिस अब इस पूरे नेटवर्क के अन्य सदस्यों की तलाश में जुट गई है।

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जब्ती के बाद जीआरपी को सौंपा गया मामला
आरपीएफ ने बरामद गांजे को जब्त कर विधिवत सील किया और दोनों आरोपितों को आगे की कानूनी कार्रवाई के लिए जीआरपी रांची को सौंप दिया। अधिकारियों के अनुसार, रेलवे के माध्यम से नशीले पदार्थों की तस्करी पर रोक लगाने के लिए ऑपरेशन “नारकोस” लगातार चलाया जा रहा है।

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इनकी रही अहम भूमिका
इस कार्रवाई में आरपीएफ पोस्ट रांची के निरीक्षक शिशुपाल कुमार, स्टाफ मोहम्मद आलिम, वर्षा मुंडा तथा फ्लाइंग टीम रांची से सहायक उपनिरीक्षक अनिल कुमार, राजकुमार सिंह और दिनेश प्रसाद की विशेष भूमिका रही। लगातार चल रहे अभियान के कारण रेलवे स्टेशन और ट्रेनों में निगरानी और सख्ती बढ़ा दी गई है।

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