आदित्य की मौत की जांच शुरू, निदेशक 30 दिन की छुट्टी पर; IIIT रांची में छात्रों का आंदोलन स्थगित
रांची: छात्र आदित्य कुमार की संदिग्ध मौत के बाद ट्रिपल आईटी रांची में शुरू हुआ विद्यार्थियों का आंदोलन फिलहाल स्थगित हो गया है। संस्थान की व्यवस्था में सुधार, छात्रों की सुरक्षा और चिकित्सा सुविधाओं को मजबूत करने के साथ-साथ आदित्य की मौत की जांच को लेकर मिले आश्वासनों के बाद विद्यार्थियों ने विरोध रोकने का फैसला लिया है। छात्रों के आंदोलन के बीच शिक्षा मंत्रालय ने IIIT रांची के निदेशक प्रो. राजीव श्रीवास्तव को 30 दिनों की छुट्टी पर भेज दिया है। उनकी अनुपस्थिति में पश्चिम बंगाल स्थित आईआईईएसटी शिबपुर के निदेशक प्रो. वीएमएसआर मूर्ति को IIIT रांची के निदेशक का अतिरिक्त प्रभार सौंपा गया है। बताया जा रहा है कि वह गुरुवार को जिम्मेदारी संभाल सकते हैं।
छात्रों की अधिकांश मांगों पर कार्रवाई का आश्वासन
आंदोलन स्थगित करने के बाद छात्र रितिक ने बताया कि तीन सदस्यीय जांच कमेटी की ओर से उन्हें जानकारी दी गई है कि विद्यार्थियों की अधिकांश मांगों पर कार्रवाई की दिशा में कदम उठाए जा रहे हैं। छात्रों को कैंटीन की स्थिति सुधारने, एंबुलेंस की समुचित व्यवस्था करने, CCTV कैमरे लगाने और सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने का आश्वासन दिया गया है। इसके अलावा संस्थान की अन्य बुनियादी व्यवस्थाओं में सुधार और आदित्य कुमार की मौत की उच्चस्तरीय जांच कराने की बात भी कही गई है। छात्र पीयूष, राजन और अन्य विद्यार्थियों ने भी कहा कि संस्थान को बेहतर बनाने के लिए मिले आश्वासनों के आधार पर आंदोलन फिलहाल स्थगित किया गया है। हालांकि, छात्रों ने साफ किया है कि आंदोलन स्थगित होना उनकी मांगों के समाप्त होने का संकेत नहीं है।
मेडिकल सुविधा और सुरक्षा व्यवस्था पर छात्रों का जोर
विद्यार्थियों का कहना है कि उनकी मांग केवल किसी अधिकारी पर प्रशासनिक कार्रवाई तक सीमित नहीं है। वे चाहते हैं कि कैंपस में चिकित्सा सहायता, सुरक्षा, एंबुलेंस और अन्य जरूरी सुविधाएं इस स्तर की हों कि किसी आपात स्थिति में छात्रों को तत्काल मदद मिल सके। छात्रों ने कहा कि आश्वासनों पर अब अमल होना जरूरी है। आंदोलन खत्म करने के बजाय इसे फिलहाल स्थगित किया गया है और आगे की स्थिति संस्थान तथा जांच कमेटी की कार्रवाई पर निर्भर करेगी।
आदित्य की मौत की जांच के लिए तीन सदस्यीय कमेटी
शिक्षा मंत्रालय ने छात्र आदित्य कुमार की मौत की जांच के लिए तीन सदस्यीय कमेटी का गठन किया है। कमेटी की अध्यक्षता दिल्ली विश्वविद्यालय के साउथ कैंपस की निदेशक प्रो. रजनी अब्बी करेंगी। कमेटी में मूलचंद अस्पताल के मनोचिकित्सक डॉ. जितेंद्र नागपाल और शिक्षा मंत्रालय के एक उपसचिव को शामिल किया गया है। कमेटी को दो सप्ताह के भीतर अपनी रिपोर्ट सौंपनी है।अब इस जांच रिपोर्ट पर खास नजर रहेगी, क्योंकि छात्रों ने आदित्य की मौत के मामले में उच्चस्तरीय जांच और संस्थान की जवाबदेही तय करने की मांग की थी।
गैर-शैक्षणिक नियुक्तियों की प्रक्रिया भी रद्द
आदित्य की मौत को लेकर उठे विवाद के बीच संस्थान में विवादों में आई गैर-शैक्षणिक पदों की नियुक्ति प्रक्रिया को भी रद्द कर दिया गया है।प्रशासन के अनुसार, इस प्रक्रिया के लिए शुल्क जमा करने वाले अभ्यर्थियों को उनकी राशि वापस की जाएगी। आंदोलन के दौरान विद्यार्थियों ने संस्थान में कथित वित्तीय और प्रशासनिक अनियमितताओं का मुद्दा भी उठाया था। छात्रों ने इस संबंध में करीब नौ पन्नों का दस्तावेज भी संस्थान के समक्ष सौंपा था। अब इन आरोपों और उठाए गए सवालों पर प्रशासनिक स्तर पर क्या कार्रवाई होती है, यह भी महत्वपूर्ण होगा।
10 अक्टूबर की रात हुई थी आदित्य की संदिग्ध मौत
खेलगांव स्थित IIIT रांची के छात्रावास में 10 अक्टूबर की देर रात प्रथम वर्ष के छात्र आदित्य कुमार की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई थी। इसके बाद 11 अक्टूबर से विद्यार्थियों ने विरोध प्रदर्शन शुरू किया था। प्रदर्शन कर रहे छात्रों ने आरोप लगाया था कि घटना के बाद मेडिकल सहायता पहुंचाने में देरी हुई। छात्रों ने हॉस्टल की लिफ्ट के खराब होने, एंबुलेंस में ऑक्सीजन की समुचित व्यवस्था नहीं होने और कैंपस की सुरक्षा व्यवस्था में कथित खामियों को लेकर भी सवाल उठाए थे। हालांकि, इन आरोपों के संबंध में संस्थान प्रशासन की ओर से अलग-अलग दावे किए गए थे। इसलिए मामले की वास्तविक स्थिति जांच रिपोर्ट आने के बाद ही स्पष्ट हो सकेगी।
निदेशक और डीन की जवाबदेही की मांग
आंदोलन के दौरान छात्र संस्थान के निदेशक और डीन एकेडमिक की जवाबदेही तय करने की मांग पर अड़े हुए थे। बोर्ड ऑफ गवर्नर्स के अध्यक्ष लेफ्टिनेंट जनरल (सेवानिवृत्त) एके भट्ट के साथ छात्रों की कई दौर की बातचीत हुई, लेकिन शुरुआती दौर में सहमति नहीं बन सकी। बाद में शिक्षा मंत्रालय की ओर से निदेशक को छुट्टी पर भेजे जाने, जांच कमेटी गठित करने और संस्थान की व्यवस्थाओं में सुधार के आश्वासन के बाद छात्रों ने आंदोलन स्थगित करने का निर्णय लिया।
आदित्य को दी गई श्रद्धांजलि
संस्थान में आदित्य कुमार को श्रद्धांजलि भी दी गई। शिक्षकों और विद्यार्थियों ने दो मिनट का मौन रखकर दिवंगत छात्र को याद किया। अब पूरे मामले में दो स्तरों पर नजर रहेगी—पहला, आदित्य की मौत की जांच कर रही कमेटी की रिपोर्ट और दूसरा, छात्रों से किए गए सुधार के वादों को संस्थान किस तरह जमीन पर लागू करता है। फिलहाल छात्रों ने आंदोलन स्थगित कर दिया है, लेकिन उनका कहना है कि आश्वासनों पर अमल ही आगे की स्थिति तय करेगा।
- आदित्य की मौत की जांच शुरू, निदेशक 30 दिन की छुट्टी पर; IIIT रांची में छात्रों का आंदोलन स्थगितरांची: छात्र आदित्य कुमार की संदिग्ध मौत के बाद ट्रिपल आईटी रांची में शुरू हुआ विद्यार्थियों का आंदोलन फिलहाल स्थगित हो गया है। संस्थान की व्यवस्था में सुधार, छात्रों की सुरक्षा और चिकित्सा सुविधाओं को मजबूत करने के साथ-साथ आदित्य की मौत की जांच को लेकर मिले आश्वासनों के बाद विद्यार्थियों ने विरोध रोकने का…
- CCL सौंदा डी कोलियरी में CBI का बड़ा एक्शन, ऑफिस सुपरिंटेंडेंट रिश्वत लेते गिरफ्ताररामगढ़: CCL के बरका-सयाल क्षेत्र की सौंदा डी कोलियरी में भ्रष्टाचार के खिलाफ केंद्रीय जांच एजेंसी CBI ने बड़ी कार्रवाई की है। सीबीआई की टीम ने परियोजना पदाधिकारी (PO) कार्यालय में तैनात ऑफिस सुपरिंटेंडेंट अभय कुमार बख्शी को कथित तौर पर रिश्वत लेते रंगे हाथ गिरफ्तार किया है। कार्रवाई की खबर फैलते ही कोलियरी क्षेत्र…
- रांची में BTech छात्र मनीष कुमार की संदिग्ध मौत, किराए के कमरे से मिला शवRanchi News: राजधानी रांची के नामकुम थाना क्षेत्र में एक BTech छात्र की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत का मामला सामने आया है। मृत छात्र झारखंड राय यूनिवर्सिटी, राजाउलातू में BTech की पढ़ाई कर रहा था। बुधवार को यूनिवर्सिटी के पास स्थित उसके किराए के कमरे से उसका शव बरामद किया गया। मृतक की पहचान हजारीबाग…
- रूपी सोरेन के श्राद्ध कार्यक्रम को लेकर नेमरा में हाई अलर्ट, 55 पुलिस अधिकारी तैनात; 3 हेलिपैड तैयारRanchi News: मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन की दिवंगत मां रूपी सोरेन के श्राद्ध कार्यक्रम को लेकर रामगढ़ जिले के नेमरा गांव में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है। 15 से 19 अक्टूबर 2026 तक आयोजित होने वाले कार्यक्रम को लेकर झारखंड पुलिस मुख्यालय ने व्यापक सुरक्षा और विधि-व्यवस्था की तैयारी की है। कार्यक्रम में बड़ी…
- रांची के बालपन अस्पताल में नवजात की मौत, 21 दिन से चल रहा था इलाज; परिजनों ने लगाया लापरवाही का आरोपRanchi News: रांची के बरियातू स्थित बालपन अस्पताल में इलाज के दौरान एक नवजात की मौत का मामला सामने आया है। नवजात की मौत के बाद परिजनों ने अस्पताल के डॉक्टर और प्रबंधन पर इलाज में लापरवाही का आरोप लगाया है। परिजनों का कहना है कि नवजात का पिछले करीब 20 से 21 दिनों से…




