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स्वयं सिद्धा लेडीज़ क्लब ने CSR के तहत वृद्धाश्रम को दी बड़ी सौगात

स्वयं सिद्धा लेडीज़ क्लब

वृद्धाश्रम में CSR पहल का आगाज़

मुनादी लाइव डेस्क: एनटीपीसी कोल माइनिंग मुख्यालय से जुड़ा स्वयं सिद्धा लेडीज़ क्लब अपने कॉर्पोरेट सामाजिक उत्तरदायित्व (CSR) के तहत समाज में सकारात्मक बदलाव लाने की दिशा में निरंतर काम कर रहा है। इसी कड़ी में क्लब ने विहार समाज कल्याण संस्थान, रांची द्वारा संचालित एक वृद्धाश्रम को स्वचालित रोटी मेकर दान किया।

उद्घाटन समारोह में उमड़ी संवेदना
इस रोटी मेकर का उद्घाटन मीनाक्षी श्रीवास्तव, वरिष्ठ सदस्य, संयुक्त महिला समिति, और श्रीमती पूनम जैन, अध्यक्ष, स्वयं सिद्धा लेडीज़ क्लब ने किया।
कार्यक्रम में क्लब की अन्य सदस्याएँ और वृद्धाश्रम के पदाधिकारी मौजूद थे। इस मौके पर सभी ने मिलकर बुजुर्गों के साथ समय बिताया और उनके स्वास्थ्य, जरूरतों और खुशहाली की चिंता जताई।

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खाद्य पैकेट और राशन भी वितरित
रोटी मेकर दान करने के साथ-साथ क्लब ने वृद्धाश्रम के निवासियों को खाद्य पैकेट और राशन भी वितरित किया।
वर्तमान में यह वृद्धाश्रम करीब 50 बुजुर्गों को आश्रय दे रहा है और आने वाले समय में अपनी क्षमता बढ़ाने की योजना बना रहा है, ताकि और अधिक जरूरतमंद बुजुर्गों को सुविधा मिल सके।

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मानवीय संवेदना का संदेश
स्वयं सिद्धा लेडीज़ क्लब की सदस्याओं और स्वयंसेवकों ने इस अवसर पर करुणा और सेवा का संदेश दिया। उनका उद्देश्य था यह सुनिश्चित करना कि प्रत्येक निवासी को सम्मान, गरिमा और देखभाल के साथ भोजन उपलब्ध हो।
क्लब की अध्यक्ष श्रीमती पूनम जैन ने कहा कि यह पहल केवल एक उपकरण दान करने तक सीमित नहीं है, बल्कि यह बुजुर्गों की सुविधा और उनके जीवन की गुणवत्ता सुधारने की दिशा में एक छोटा लेकिन सार्थक कदम है।

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CSR और समाज में योगदान
एनटीपीसी कोल माइनिंग मुख्यालय और स्वयं सिद्धा लेडीज़ क्लब समय-समय पर स्वास्थ्य, शिक्षा, महिला सशक्तिकरण और बुजुर्गों की देखभाल जैसे क्षेत्रों में CSR गतिविधियों का संचालन करते रहे हैं।
यह पहल इस बात का प्रमाण है कि कॉर्पोरेट जगत भी अपने संसाधनों और प्रयासों के माध्यम से समाज में स्थायी सकारात्मक बदलाव ला सकता है।

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रांची के वृद्धाश्रम में हुआ यह योगदान न केवल बुजुर्गों के लिए सुविधा लेकर आया है, बल्कि यह संदेश भी देता है कि समाज की असली प्रगति तभी है जब हम अपने वरिष्ठ नागरिकों को सम्मान और आराम के साथ जीवन जीने का अवसर दें।

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